दैनिक पंचांग
गुरुवार, 11 दिसंबर 2025
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांग के पांच अंग
सूर्योदय के समय; हर एक दिखाए गए समय तक रहता है।
| तिथि | कृष्ण सप्तमी, 13:57 तक फिर कृष्ण अष्टमी, 12 दिसंबर, 14:57 तक |
|---|---|
| नक्षत्र | पूर्वा फाल्गुनी, 12 दिसंबर, 03:55 तक फिर उत्तरा फाल्गुनी, 13 दिसंबर, 05:50 तक |
| योग | विष्कुंभ, 11:40 तक फिर प्रीति, 12 दिसंबर, 11:12 तक |
| करण | बव, 13:57 तक फिर बालव, 12 दिसंबर, 02:21 तक फिर कौलव, 12 दिसंबर, 14:57 तक |
| वार | गुरुवार |
सूर्य और चंद्रमा
| सूर्योदय | 07:03 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 17:25 |
| चंद्रोदय | 12 दिसंबर, 00:08 |
| चंद्रास्त | 12:10 |
| सूर्य राशि | वृश्चिक |
| चंद्र राशि | सिंह |
हिंदू पंचांग
| पक्ष | कृष्ण |
|---|---|
| मास (अमांत) | मार्गशीर्ष |
| मास (पूर्णिमांत) | पौष |
| विक्रम संवत | 2082 |
| शक संवत | 1947 · विश्वावसु |
शुभ और अशुभ समय
| राहु काल | 13:32 – 14:49 |
|---|---|
| यमगंड | 07:03 – 08:21 |
| गुलिक काल | 09:38 – 10:56 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:53 – 12:35 |
राहु काल, यमगंड और गुलिक काल प्रत्येक दिनमान का आठवां भाग हैं और परंपरा में नए कार्य आरंभ करने के लिए इनसे बचा जाता है; दोपहर के आसपास का अभिजित मुहूर्त शुभ है।
दिन का चौघड़िया
| शुभ | 07:03 – 08:21 | शुभ |
|---|---|---|
| रोग | 08:21 – 09:38 | त्यागें |
| उद्वेग | 09:38 – 10:56 | त्यागें |
| चर | 10:56 – 12:14 | सम |
| लाभ | 12:14 – 13:32 | शुभ |
| अमृत | 13:32 – 14:49 | शुभ |
| काल | 14:49 – 16:07 | त्यागें |
| शुभ | 16:07 – 17:25 | शुभ |
रात का चौघड़िया
| अमृत | 17:25 – 19:07 | शुभ |
|---|---|---|
| चर | 19:07 – 20:49 | सम |
| रोग | 20:49 – 22:32 | त्यागें |
| काल | 22:32 – 00:14 | त्यागें |
| लाभ | 00:14 – 01:57 | शुभ |
| उद्वेग | 01:57 – 03:39 | त्यागें |
| शुभ | 03:39 – 05:21 | शुभ |
| अमृत | 05:21 – 07:04 | शुभ |
समय चुने गए स्थान की स्थानीय घड़ी के अनुसार हैं। गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिड़ी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और सामान्य अपवर्तन के साथ।