दैनिक पंचांग
सोमवार, 16 मार्च 2026
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांग के पांच अंग
सूर्योदय के समय; हर एक दिखाए गए समय तक रहता है।
| तिथि | कृष्ण द्वादशी, 09:41 तक फिर कृष्ण त्रयोदशी, 17 मार्च, 09:23 तक |
|---|---|
| नक्षत्र | धनिष्ठा, 17 मार्च, 06:22 तक फिर शतभिषा, 18 मार्च, 06:09 तक |
| योग | शिव, 09:36 तक फिर सिद्ध, 17 मार्च, 08:15 तक |
| करण | तैतिल, 09:41 तक फिर गर, 21:37 तक फिर वणिज, 17 मार्च, 09:23 तक |
| वार | सोमवार |
सूर्य और चंद्रमा
| सूर्योदय | 06:29 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:30 |
| चंद्रोदय | 17 मार्च, 05:20 |
| चंद्रास्त | 15:53 |
| सूर्य राशि | मीन |
| चंद्र राशि | मकर, 18:14; फिर कुंभ, 18 मार्च, 23:36 तक तक |
हिंदू पंचांग
| पक्ष | कृष्ण |
|---|---|
| मास (अमांत) | फाल्गुन |
| मास (पूर्णिमांत) | चैत्र |
| विक्रम संवत | 2082 |
| शक संवत | 1947 · विश्वावसु |
शुभ और अशुभ समय
| राहु काल | 07:59 – 09:29 |
|---|---|
| यमगंड | 10:59 – 12:30 |
| गुलिक काल | 14:00 – 15:30 |
| अभिजित मुहूर्त | 12:05 – 12:54 |
राहु काल, यमगंड और गुलिक काल प्रत्येक दिनमान का आठवां भाग हैं और परंपरा में नए कार्य आरंभ करने के लिए इनसे बचा जाता है; दोपहर के आसपास का अभिजित मुहूर्त शुभ है।
दिन का चौघड़िया
| अमृत | 06:29 – 07:59 | शुभ |
|---|---|---|
| काल | 07:59 – 09:29 | त्यागें |
| शुभ | 09:29 – 10:59 | शुभ |
| रोग | 10:59 – 12:30 | त्यागें |
| उद्वेग | 12:30 – 14:00 | त्यागें |
| चर | 14:00 – 15:30 | सम |
| लाभ | 15:30 – 17:00 | शुभ |
| अमृत | 17:00 – 18:30 | शुभ |
रात का चौघड़िया
| चर | 18:30 – 20:00 | सम |
|---|---|---|
| रोग | 20:00 – 21:29 | त्यागें |
| काल | 21:29 – 22:59 | त्यागें |
| लाभ | 22:59 – 00:29 | शुभ |
| उद्वेग | 00:29 – 01:59 | त्यागें |
| शुभ | 01:59 – 03:29 | शुभ |
| अमृत | 03:29 – 04:58 | शुभ |
| चर | 04:58 – 06:28 | सम |
समय चुने गए स्थान की स्थानीय घड़ी के अनुसार हैं। गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिड़ी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और सामान्य अपवर्तन के साथ।