दैनिक पंचांग
गुरुवार, 21 मई 2026
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांग के पांच अंग
सूर्योदय के समय; हर एक दिखाए गए समय तक रहता है।
| तिथि | शुक्ल पंचमी, 08:27 तक फिर शुक्ल षष्ठी, 22 मई, 06:25 तक |
|---|---|
| नक्षत्र | पुष्य, 22 मई, 02:49 तक फिर आश्लेषा, 23 मई, 02:08 तक |
| योग | गंड, 10:58 तक फिर वृद्धि, 22 मई, 08:18 तक |
| करण | बालव, 08:27 तक फिर कौलव, 19:21 तक फिर तैतिल, 22 मई, 06:25 तक |
| वार | गुरुवार |
सूर्य और चंद्रमा
| सूर्योदय | 05:27 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 19:08 |
| चंद्रोदय | 09:48 |
| चंद्रास्त | 23:58 |
| सूर्य राशि | वृषभ |
| चंद्र राशि | कर्क |
हिंदू पंचांग
| पक्ष | शुक्ल |
|---|---|
| मास (अमांत) | ज्येष्ठ (अधिक) |
| मास (पूर्णिमांत) | ज्येष्ठ |
| विक्रम संवत | 2083 |
| शक संवत | 1948 · पराभव |
शुभ और अशुभ समय
| राहु काल | 14:00 – 15:43 |
|---|---|
| यमगंड | 05:27 – 07:09 |
| गुलिक काल | 08:52 – 10:35 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:50 – 12:45 |
राहु काल, यमगंड और गुलिक काल प्रत्येक दिनमान का आठवां भाग हैं और परंपरा में नए कार्य आरंभ करने के लिए इनसे बचा जाता है; दोपहर के आसपास का अभिजित मुहूर्त शुभ है।
दिन का चौघड़िया
| शुभ | 05:27 – 07:09 | शुभ |
|---|---|---|
| रोग | 07:09 – 08:52 | त्यागें |
| उद्वेग | 08:52 – 10:35 | त्यागें |
| चर | 10:35 – 12:17 | सम |
| लाभ | 12:17 – 14:00 | शुभ |
| अमृत | 14:00 – 15:43 | शुभ |
| काल | 15:43 – 17:25 | त्यागें |
| शुभ | 17:25 – 19:08 | शुभ |
रात का चौघड़िया
| अमृत | 19:08 – 20:25 | शुभ |
|---|---|---|
| चर | 20:25 – 21:43 | सम |
| रोग | 21:43 – 23:00 | त्यागें |
| काल | 23:00 – 00:17 | त्यागें |
| लाभ | 00:17 – 01:34 | शुभ |
| उद्वेग | 01:34 – 02:52 | त्यागें |
| शुभ | 02:52 – 04:09 | शुभ |
| अमृत | 04:09 – 05:26 | शुभ |
समय चुने गए स्थान की स्थानीय घड़ी के अनुसार हैं। गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिड़ी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और सामान्य अपवर्तन के साथ।