दैनिक पंचांग
गुरुवार, 20 अगस्त 2026
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांग के पांच अंग
सूर्योदय के समय; हर एक दिखाए गए समय तक रहता है।
| तिथि | शुक्ल अष्टमी, 21:18 तक फिर शुक्ल नवमी, 21 अगस्त, 23:36 तक |
|---|---|
| नक्षत्र | विशाखा, 09:08 तक फिर अनुराधा, 21 अगस्त, 11:53 तक |
| योग | इंद्र, 21 अगस्त, 04:25 तक फिर वैधृति, 22 अगस्त, 05:18 तक |
| करण | विष्टि, 08:16 तक फिर बव, 21:18 तक फिर बालव, 21 अगस्त, 10:26 तक |
| वार | गुरुवार |
सूर्य और चंद्रमा
| सूर्योदय | 05:52 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:56 |
| चंद्रोदय | 13:10 |
| चंद्रास्त | 23:28 |
| सूर्य राशि | सिंह |
| चंद्र राशि | वृश्चिक |
हिंदू पंचांग
| पक्ष | शुक्ल |
|---|---|
| मास (अमांत) | श्रावण |
| मास (पूर्णिमांत) | श्रावण |
| विक्रम संवत | 2083 |
| शक संवत | 1948 · पराभव |
शुभ और अशुभ समय
| राहु काल | 14:02 – 15:40 |
|---|---|
| यमगंड | 05:52 – 07:30 |
| गुलिक काल | 09:08 – 10:46 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:58 – 12:50 |
राहु काल, यमगंड और गुलिक काल प्रत्येक दिनमान का आठवां भाग हैं और परंपरा में नए कार्य आरंभ करने के लिए इनसे बचा जाता है; दोपहर के आसपास का अभिजित मुहूर्त शुभ है।
दिन का चौघड़िया
| शुभ | 05:52 – 07:30 | शुभ |
|---|---|---|
| रोग | 07:30 – 09:08 | त्यागें |
| उद्वेग | 09:08 – 10:46 | त्यागें |
| चर | 10:46 – 12:24 | सम |
| लाभ | 12:24 – 14:02 | शुभ |
| अमृत | 14:02 – 15:40 | शुभ |
| काल | 15:40 – 17:18 | त्यागें |
| शुभ | 17:18 – 18:56 | शुभ |
रात का चौघड़िया
| अमृत | 18:56 – 20:18 | शुभ |
|---|---|---|
| चर | 20:18 – 21:40 | सम |
| रोग | 21:40 – 23:02 | त्यागें |
| काल | 23:02 – 00:24 | त्यागें |
| लाभ | 00:24 – 01:46 | शुभ |
| उद्वेग | 01:46 – 03:08 | त्यागें |
| शुभ | 03:08 – 04:31 | शुभ |
| अमृत | 04:31 – 05:53 | शुभ |
समय चुने गए स्थान की स्थानीय घड़ी के अनुसार हैं। गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिड़ी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और सामान्य अपवर्तन के साथ।