दैनिक पंचांग
सोमवार, 21 सितंबर 2026
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांग के पांच अंग
सूर्योदय के समय; हर एक दिखाए गए समय तक रहता है।
| तिथि | शुक्ल दशमी, 20:01 तक फिर शुक्ल एकादशी, 22 सितंबर, 21:43 तक |
|---|---|
| नक्षत्र | उत्तराषाढ़ा, 22 सितंबर, 07:07 तक |
| योग | शोभन, 16:05 तक फिर अतिगंड, 22 सितंबर, 16:29 तक |
| करण | तैतिल, 06:59 तक फिर गर, 20:01 तक फिर वणिज, 22 सितंबर, 08:56 तक |
| वार | सोमवार |
सूर्य और चंद्रमा
| सूर्योदय | 06:08 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:19 |
| चंद्रोदय | 15:10 |
| चंद्रास्त | 22 सितंबर, 01:43 |
| सूर्य राशि | कन्या |
| चंद्र राशि | धनु, 11:15; फिर मकर, 23 सितंबर, 21:57 तक तक |
हिंदू पंचांग
| पक्ष | शुक्ल |
|---|---|
| मास (अमांत) | भाद्रपद |
| मास (पूर्णिमांत) | भाद्रपद |
| विक्रम संवत | 2083 |
| शक संवत | 1948 · पराभव |
शुभ और अशुभ समय
| राहु काल | 07:40 – 09:11 |
|---|---|
| यमगंड | 10:42 – 12:14 |
| गुलिक काल | 13:45 – 15:16 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:49 – 12:38 |
राहु काल, यमगंड और गुलिक काल प्रत्येक दिनमान का आठवां भाग हैं और परंपरा में नए कार्य आरंभ करने के लिए इनसे बचा जाता है; दोपहर के आसपास का अभिजित मुहूर्त शुभ है।
दिन का चौघड़िया
| अमृत | 06:08 – 07:40 | शुभ |
|---|---|---|
| काल | 07:40 – 09:11 | त्यागें |
| शुभ | 09:11 – 10:42 | शुभ |
| रोग | 10:42 – 12:14 | त्यागें |
| उद्वेग | 12:14 – 13:45 | त्यागें |
| चर | 13:45 – 15:16 | सम |
| लाभ | 15:16 – 16:48 | शुभ |
| अमृत | 16:48 – 18:19 | शुभ |
रात का चौघड़िया
| चर | 18:19 – 19:48 | सम |
|---|---|---|
| रोग | 19:48 – 21:16 | त्यागें |
| काल | 21:16 – 22:45 | त्यागें |
| लाभ | 22:45 – 00:14 | शुभ |
| उद्वेग | 00:14 – 01:43 | त्यागें |
| शुभ | 01:43 – 03:11 | शुभ |
| अमृत | 03:11 – 04:40 | शुभ |
| चर | 04:40 – 06:09 | सम |
समय चुने गए स्थान की स्थानीय घड़ी के अनुसार हैं। गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिड़ी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और सामान्य अपवर्तन के साथ।