दैनिक पंचांग
शनिवार, 24 अक्टूबर 2026
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांग के पांच अंग
सूर्योदय के समय; हर एक दिखाए गए समय तक रहता है।
| तिथि | शुक्ल त्रयोदशी, 13:37 तक फिर शुक्ल चतुर्दशी, 25 अक्टूबर, 11:56 तक |
|---|---|
| नक्षत्र | उत्तरा भाद्रपद, 20:32 तक फिर रेवती, 25 अक्टूबर, 19:22 तक |
| योग | व्याघात, 20:01 तक फिर हर्षण, 25 अक्टूबर, 17:22 तक |
| करण | तैतिल, 13:37 तक फिर गर, 25 अक्टूबर, 00:51 तक फिर वणिज, 25 अक्टूबर, 11:56 तक |
| वार | शनिवार |
सूर्य और चंद्रमा
| सूर्योदय | 06:27 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 17:43 |
| चंद्रोदय | 16:22 |
| चंद्रास्त | 25 अक्टूबर, 05:21 |
| सूर्य राशि | तुला |
| चंद्र राशि | मीन |
हिंदू पंचांग
| पक्ष | शुक्ल |
|---|---|
| मास (अमांत) | आश्विन |
| मास (पूर्णिमांत) | आश्विन |
| विक्रम संवत | 2083 |
| शक संवत | 1948 · पराभव |
शुभ और अशुभ समय
| राहु काल | 09:16 – 10:40 |
|---|---|
| यमगंड | 13:29 – 14:54 |
| गुलिक काल | 06:27 – 07:51 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:42 – 12:27 |
राहु काल, यमगंड और गुलिक काल प्रत्येक दिनमान का आठवां भाग हैं और परंपरा में नए कार्य आरंभ करने के लिए इनसे बचा जाता है; दोपहर के आसपास का अभिजित मुहूर्त शुभ है।
दिन का चौघड़िया
| काल | 06:27 – 07:51 | त्यागें |
|---|---|---|
| शुभ | 07:51 – 09:16 | शुभ |
| रोग | 09:16 – 10:40 | त्यागें |
| उद्वेग | 10:40 – 12:05 | त्यागें |
| चर | 12:05 – 13:29 | सम |
| लाभ | 13:29 – 14:54 | शुभ |
| अमृत | 14:54 – 16:18 | शुभ |
| काल | 16:18 – 17:43 | त्यागें |
रात का चौघड़िया
| लाभ | 17:43 – 19:18 | शुभ |
|---|---|---|
| उद्वेग | 19:18 – 20:54 | त्यागें |
| शुभ | 20:54 – 22:29 | शुभ |
| अमृत | 22:29 – 00:05 | शुभ |
| चर | 00:05 – 01:41 | सम |
| रोग | 01:41 – 03:16 | त्यागें |
| काल | 03:16 – 04:52 | त्यागें |
| लाभ | 04:52 – 06:27 | शुभ |
समय चुने गए स्थान की स्थानीय घड़ी के अनुसार हैं। गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिड़ी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और सामान्य अपवर्तन के साथ।