दैनिक पंचांग
गुरुवार, 4 फ़रवरी 2027
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांग के पांच अंग
सूर्योदय के समय; हर एक दिखाए गए समय तक रहता है।
| तिथि | कृष्ण त्रयोदशी, 16:31 तक फिर कृष्ण चतुर्दशी, 5 फ़रवरी, 19:05 तक |
|---|---|
| नक्षत्र | पूर्वाषाढ़ा, 15:32 तक फिर उत्तराषाढ़ा, 5 फ़रवरी, 18:32 तक |
| योग | वज्र, 19:41 तक फिर सिद्धि, 5 फ़रवरी, 20:33 तक |
| करण | वणिज, 16:31 तक फिर विष्टि, 5 फ़रवरी, 05:50 तक फिर शकुनि, 5 फ़रवरी, 19:05 तक |
| वार | गुरुवार |
सूर्य और चंद्रमा
| सूर्योदय | 07:07 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:02 |
| चंद्रोदय | 5 फ़रवरी, 06:16 |
| चंद्रास्त | 15:59 |
| सूर्य राशि | मकर |
| चंद्र राशि | धनु, 22:18; फिर मकर, 7 फ़रवरी, 10:36 तक तक |
हिंदू पंचांग
| पक्ष | कृष्ण |
|---|---|
| मास (अमांत) | पौष |
| मास (पूर्णिमांत) | माघ |
| विक्रम संवत | 2083 |
| शक संवत | 1948 · पराभव |
शुभ और अशुभ समय
| राहु काल | 13:57 – 15:18 |
|---|---|
| यमगंड | 07:07 – 08:29 |
| गुलिक काल | 09:51 – 11:13 |
| अभिजित मुहूर्त | 12:13 – 12:56 |
राहु काल, यमगंड और गुलिक काल प्रत्येक दिनमान का आठवां भाग हैं और परंपरा में नए कार्य आरंभ करने के लिए इनसे बचा जाता है; दोपहर के आसपास का अभिजित मुहूर्त शुभ है।
दिन का चौघड़िया
| शुभ | 07:07 – 08:29 | शुभ |
|---|---|---|
| रोग | 08:29 – 09:51 | त्यागें |
| उद्वेग | 09:51 – 11:13 | त्यागें |
| चर | 11:13 – 12:35 | सम |
| लाभ | 12:35 – 13:57 | शुभ |
| अमृत | 13:57 – 15:18 | शुभ |
| काल | 15:18 – 16:40 | त्यागें |
| शुभ | 16:40 – 18:02 | शुभ |
रात का चौघड़िया
| अमृत | 18:02 – 19:40 | शुभ |
|---|---|---|
| चर | 19:40 – 21:18 | सम |
| रोग | 21:18 – 22:56 | त्यागें |
| काल | 22:56 – 00:34 | त्यागें |
| लाभ | 00:34 – 02:12 | शुभ |
| उद्वेग | 02:12 – 03:50 | त्यागें |
| शुभ | 03:50 – 05:28 | शुभ |
| अमृत | 05:28 – 07:06 | शुभ |
समय चुने गए स्थान की स्थानीय घड़ी के अनुसार हैं। गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिड़ी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और सामान्य अपवर्तन के साथ।