दैनिक पंचांग
शनिवार, 20 मार्च 2027
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांग के पांच अंग
सूर्योदय के समय; हर एक दिखाए गए समय तक रहता है।
| तिथि | शुक्ल त्रयोदशी, 20:45 तक फिर शुक्ल चतुर्दशी, 21 मार्च, 18:22 तक |
|---|---|
| नक्षत्र | मघा, 23:44 तक फिर पूर्वा फाल्गुनी, 21 मार्च, 22:07 तक |
| योग | धृति, 20:05 तक फिर शूल, 21 मार्च, 16:58 तक |
| करण | कौलव, 10:01 तक फिर तैतिल, 20:45 तक फिर गर, 21 मार्च, 07:32 तक |
| वार | शनिवार |
सूर्य और चंद्रमा
| सूर्योदय | 06:25 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:32 |
| चंद्रोदय | 16:29 |
| चंद्रास्त | 21 मार्च, 05:27 |
| सूर्य राशि | मीन |
| चंद्र राशि | सिंह |
हिंदू पंचांग
| पक्ष | शुक्ल |
|---|---|
| मास (अमांत) | फाल्गुन |
| मास (पूर्णिमांत) | फाल्गुन |
| विक्रम संवत | 2083 |
| शक संवत | 1948 · पराभव |
शुभ और अशुभ समय
| राहु काल | 09:27 – 10:58 |
|---|---|
| यमगंड | 13:59 – 15:30 |
| गुलिक काल | 06:25 – 07:56 |
| अभिजित मुहूर्त | 12:04 – 12:53 |
राहु काल, यमगंड और गुलिक काल प्रत्येक दिनमान का आठवां भाग हैं और परंपरा में नए कार्य आरंभ करने के लिए इनसे बचा जाता है; दोपहर के आसपास का अभिजित मुहूर्त शुभ है।
दिन का चौघड़िया
| काल | 06:25 – 07:56 | त्यागें |
|---|---|---|
| शुभ | 07:56 – 09:27 | शुभ |
| रोग | 09:27 – 10:58 | त्यागें |
| उद्वेग | 10:58 – 12:28 | त्यागें |
| चर | 12:28 – 13:59 | सम |
| लाभ | 13:59 – 15:30 | शुभ |
| अमृत | 15:30 – 17:01 | शुभ |
| काल | 17:01 – 18:32 | त्यागें |
रात का चौघड़िया
| लाभ | 18:32 – 20:01 | शुभ |
|---|---|---|
| उद्वेग | 20:01 – 21:30 | त्यागें |
| शुभ | 21:30 – 22:59 | शुभ |
| अमृत | 22:59 – 00:28 | शुभ |
| चर | 00:28 – 01:57 | सम |
| रोग | 01:57 – 03:26 | त्यागें |
| काल | 03:26 – 04:55 | त्यागें |
| लाभ | 04:55 – 06:24 | शुभ |
समय चुने गए स्थान की स्थानीय घड़ी के अनुसार हैं। गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिड़ी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और सामान्य अपवर्तन के साथ।