जन्म कुण्डली Janma Kundli

दैनिक पंचांग

बुधवार, 25 अगस्त 2027

New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata

पंचांग के पांच अंग

सूर्योदय के समय; हर एक दिखाए गए समय तक रहता है।

तिथि
कृष्ण अष्टमी, 19:20 तक
फिर कृष्ण नवमी, 26 अगस्त, 17:39 तक
नक्षत्र
कृत्तिका, 12:28 तक
फिर रोहिणी, 26 अगस्त, 11:42 तक
योग
व्याघात, 21:49 तक
फिर हर्षण, 26 अगस्त, 19:21 तक
करण
बालव, 07:57 तक
फिर कौलव, 19:20 तक
फिर तैतिल, 26 अगस्त, 06:34 तक
वार
बुधवार

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय05:55
सूर्यास्त18:51
चंद्रोदय23:36
चंद्रास्त13:15
सूर्य राशिसिंह
चंद्र राशिवृषभ

हिंदू पंचांग

पक्षकृष्ण
मास (अमांत)श्रावण
मास (पूर्णिमांत)भाद्रपद
विक्रम संवत2084
शक संवत1949 · प्लवंग

शुभ और अशुभ समय

राहु काल12:23 – 14:00
यमगंड07:32 – 09:09
गुलिक काल10:46 – 12:23
अभिजित मुहूर्त11:57 – 12:49 (परंपरा में बुधवार को त्याज्य)

राहु काल, यमगंड और गुलिक काल प्रत्येक दिनमान का आठवां भाग हैं और परंपरा में नए कार्य आरंभ करने के लिए इनसे बचा जाता है; दोपहर के आसपास का अभिजित मुहूर्त शुभ है।

दिन का चौघड़िया

लाभ05:55 – 07:32शुभ
अमृत07:32 – 09:09शुभ
काल09:09 – 10:46त्यागें
शुभ10:46 – 12:23शुभ
रोग12:23 – 14:00त्यागें
उद्वेग14:00 – 15:37त्यागें
चर15:37 – 17:14सम
लाभ17:14 – 18:51शुभ

रात का चौघड़िया

उद्वेग18:51 – 20:14त्यागें
शुभ20:14 – 21:37शुभ
अमृत21:37 – 23:00शुभ
चर23:00 – 00:23सम
रोग00:23 – 01:46त्यागें
काल01:46 – 03:09त्यागें
लाभ03:09 – 04:32शुभ
उद्वेग04:32 – 05:55त्यागें

समय चुने गए स्थान की स्थानीय घड़ी के अनुसार हैं। गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिड़ी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और सामान्य अपवर्तन के साथ।