जन्म कुण्डली Janma Kundli

दैनिक पंचांग

बुधवार, 15 सितंबर 2027

New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata

पंचांग के पांच अंग

सूर्योदय के समय; हर एक दिखाए गए समय तक रहता है।

तिथि
पूर्णिमा, 16 सितंबर, 04:33 तक
फिर कृष्ण प्रतिपदा, 17 सितंबर, 05:52 तक
नक्षत्र
शतभिषा, 11:33 तक
फिर पूर्वा भाद्रपद, 16 सितंबर, 13:44 तक
योग
धृति, 09:12 तक
फिर शूल, 16 सितंबर, 09:30 तक
करण
विष्टि, 15:44 तक
फिर बव, 16 सितंबर, 04:33 तक
फिर बालव, 16 सितंबर, 17:16 तक
वार
बुधवार

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय06:05
सूर्यास्त18:26
चंद्रोदय17:58
चंद्रास्त16 सितंबर, 06:14
सूर्य राशिसिंह
चंद्र राशिकुंभ

हिंदू पंचांग

पक्षशुक्ल
मास (अमांत)भाद्रपद
मास (पूर्णिमांत)भाद्रपद
विक्रम संवत2084
शक संवत1949 · प्लवंग

शुभ और अशुभ समय

राहु काल12:16 – 13:48
यमगंड07:38 – 09:10
गुलिक काल10:43 – 12:16
अभिजित मुहूर्त11:51 – 12:41 (परंपरा में बुधवार को त्याज्य)

राहु काल, यमगंड और गुलिक काल प्रत्येक दिनमान का आठवां भाग हैं और परंपरा में नए कार्य आरंभ करने के लिए इनसे बचा जाता है; दोपहर के आसपास का अभिजित मुहूर्त शुभ है।

दिन का चौघड़िया

लाभ06:05 – 07:38शुभ
अमृत07:38 – 09:10शुभ
काल09:10 – 10:43त्यागें
शुभ10:43 – 12:16शुभ
रोग12:16 – 13:48त्यागें
उद्वेग13:48 – 15:21त्यागें
चर15:21 – 16:54सम
लाभ16:54 – 18:26शुभ

रात का चौघड़िया

उद्वेग18:26 – 19:54त्यागें
शुभ19:54 – 21:21शुभ
अमृत21:21 – 22:49शुभ
चर22:49 – 00:16सम
रोग00:16 – 01:43त्यागें
काल01:43 – 03:11त्यागें
लाभ03:11 – 04:38शुभ
उद्वेग04:38 – 06:06त्यागें

समय चुने गए स्थान की स्थानीय घड़ी के अनुसार हैं। गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिड़ी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और सामान्य अपवर्तन के साथ।