दैनिक पंचांग
शनिवार, 18 सितंबर 2027
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांग के पांच अंग
सूर्योदय के समय; हर एक दिखाए गए समय तक रहता है।
| तिथि | कृष्ण द्वितीया, 06:44 तक फिर कृष्ण तृतीया, 19 सितंबर, 07:09 तक |
|---|---|
| नक्षत्र | रेवती, 16:48 तक फिर अश्विनी, 19 सितंबर, 17:41 तक |
| योग | वृद्धि, 09:03 तक फिर ध्रुव, 19 सितंबर, 08:19 तक |
| करण | गर, 06:44 तक फिर वणिज, 19:00 तक फिर विष्टि, 19 सितंबर, 07:09 तक |
| वार | शनिवार |
सूर्य और चंद्रमा
| सूर्योदय | 06:07 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:23 |
| चंद्रोदय | 19:27 |
| चंद्रास्त | 08:05 |
| सूर्य राशि | कन्या |
| चंद्र राशि | मीन, 16:48; फिर मेष, 21 सितंबर, 00:12 तक तक |
हिंदू पंचांग
| पक्ष | कृष्ण |
|---|---|
| मास (अमांत) | भाद्रपद |
| मास (पूर्णिमांत) | आश्विन |
| विक्रम संवत | 2084 |
| शक संवत | 1949 · प्लवंग |
शुभ और अशुभ समय
| राहु काल | 09:11 – 10:43 |
|---|---|
| यमगंड | 13:47 – 15:19 |
| गुलिक काल | 06:07 – 07:39 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:50 – 12:39 |
राहु काल, यमगंड और गुलिक काल प्रत्येक दिनमान का आठवां भाग हैं और परंपरा में नए कार्य आरंभ करने के लिए इनसे बचा जाता है; दोपहर के आसपास का अभिजित मुहूर्त शुभ है।
दिन का चौघड़िया
| काल | 06:07 – 07:39 | त्यागें |
|---|---|---|
| शुभ | 07:39 – 09:11 | शुभ |
| रोग | 09:11 – 10:43 | त्यागें |
| उद्वेग | 10:43 – 12:15 | त्यागें |
| चर | 12:15 – 13:47 | सम |
| लाभ | 13:47 – 15:19 | शुभ |
| अमृत | 15:19 – 16:51 | शुभ |
| काल | 16:51 – 18:23 | त्यागें |
रात का चौघड़िया
| लाभ | 18:23 – 19:51 | शुभ |
|---|---|---|
| उद्वेग | 19:51 – 21:19 | त्यागें |
| शुभ | 21:19 – 22:47 | शुभ |
| अमृत | 22:47 – 00:15 | शुभ |
| चर | 00:15 – 01:43 | सम |
| रोग | 01:43 – 03:11 | त्यागें |
| काल | 03:11 – 04:39 | त्यागें |
| लाभ | 04:39 – 06:07 | शुभ |
समय चुने गए स्थान की स्थानीय घड़ी के अनुसार हैं। गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिड़ी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और सामान्य अपवर्तन के साथ।