दैनिक पंचांग
बुधवार, 6 अक्टूबर 2027
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांग के पांच अंग
सूर्योदय के समय; हर एक दिखाए गए समय तक रहता है।
| तिथि | शुक्ल सप्तमी, 7 अक्टूबर, 04:13 तक फिर शुक्ल अष्टमी, 8 अक्टूबर, 06:28 तक |
|---|---|
| नक्षत्र | मूल, 7 अक्टूबर, 04:28 तक फिर पूर्वाषाढ़ा, 8 अक्टूबर, 07:14 तक |
| योग | सौभाग्य, 11:38 तक फिर शोभन, 7 अक्टूबर, 12:03 तक |
| करण | गर, 15:18 तक फिर वणिज, 7 अक्टूबर, 04:13 तक फिर विष्टि, 7 अक्टूबर, 17:17 तक |
| वार | बुधवार |
सूर्य और चंद्रमा
| सूर्योदय | 06:16 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:02 |
| चंद्रोदय | 12:23 |
| चंद्रास्त | 22:38 |
| सूर्य राशि | कन्या |
| चंद्र राशि | धनु |
हिंदू पंचांग
| पक्ष | शुक्ल |
|---|---|
| मास (अमांत) | आश्विन |
| मास (पूर्णिमांत) | आश्विन |
| विक्रम संवत | 2084 |
| शक संवत | 1949 · प्लवंग |
शुभ और अशुभ समय
| राहु काल | 12:09 – 13:37 |
|---|---|
| यमगंड | 07:44 – 09:12 |
| गुलिक काल | 10:40 – 12:09 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:45 – 12:32 (परंपरा में बुधवार को त्याज्य) |
राहु काल, यमगंड और गुलिक काल प्रत्येक दिनमान का आठवां भाग हैं और परंपरा में नए कार्य आरंभ करने के लिए इनसे बचा जाता है; दोपहर के आसपास का अभिजित मुहूर्त शुभ है।
दिन का चौघड़िया
| लाभ | 06:16 – 07:44 | शुभ |
|---|---|---|
| अमृत | 07:44 – 09:12 | शुभ |
| काल | 09:12 – 10:40 | त्यागें |
| शुभ | 10:40 – 12:09 | शुभ |
| रोग | 12:09 – 13:37 | त्यागें |
| उद्वेग | 13:37 – 15:05 | त्यागें |
| चर | 15:05 – 16:33 | सम |
| लाभ | 16:33 – 18:02 | शुभ |
रात का चौघड़िया
| उद्वेग | 18:02 – 19:33 | त्यागें |
|---|---|---|
| शुभ | 19:33 – 21:05 | शुभ |
| अमृत | 21:05 – 22:37 | शुभ |
| चर | 22:37 – 00:09 | सम |
| रोग | 00:09 – 01:41 | त्यागें |
| काल | 01:41 – 03:13 | त्यागें |
| लाभ | 03:13 – 04:45 | शुभ |
| उद्वेग | 04:45 – 06:16 | त्यागें |
समय चुने गए स्थान की स्थानीय घड़ी के अनुसार हैं। गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिड़ी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और सामान्य अपवर्तन के साथ।