जन्म कुण्डली Janma Kundli

दैनिक पंचांग

बुधवार, 13 अक्टूबर 2027

New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata

पंचांग के पांच अंग

सूर्योदय के समय; हर एक दिखाए गए समय तक रहता है।

तिथि
शुक्ल त्रयोदशी, 17:48 तक
फिर शुक्ल चतुर्दशी, 14 अक्टूबर, 18:49 तक
नक्षत्र
पूर्वा भाद्रपद, 20:59 तक
फिर उत्तरा भाद्रपद, 14 अक्टूबर, 22:30 तक
योग
वृद्धि, 16:31 तक
फिर ध्रुव, 14 अक्टूबर, 16:16 तक
करण
तैतिल, 17:48 तक
फिर गर, 14 अक्टूबर, 06:23 तक
वार
बुधवार

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय06:20
सूर्यास्त17:54
चंद्रोदय16:27
चंद्रास्त14 अक्टूबर, 05:01
सूर्य राशिकन्या
चंद्र राशिकुंभ, 14:31; फिर मीन, 15 अक्टूबर, 23:29 तक तक

हिंदू पंचांग

पक्षशुक्ल
मास (अमांत)आश्विन
मास (पूर्णिमांत)आश्विन
विक्रम संवत2084
शक संवत1949 · प्लवंग

शुभ और अशुभ समय

राहु काल12:07 – 13:34
यमगंड07:47 – 09:13
गुलिक काल10:40 – 12:07
अभिजित मुहूर्त11:44 – 12:30 (परंपरा में बुधवार को त्याज्य)

राहु काल, यमगंड और गुलिक काल प्रत्येक दिनमान का आठवां भाग हैं और परंपरा में नए कार्य आरंभ करने के लिए इनसे बचा जाता है; दोपहर के आसपास का अभिजित मुहूर्त शुभ है।

दिन का चौघड़िया

लाभ06:20 – 07:47शुभ
अमृत07:47 – 09:13शुभ
काल09:13 – 10:40त्यागें
शुभ10:40 – 12:07शुभ
रोग12:07 – 13:34त्यागें
उद्वेग13:34 – 15:00त्यागें
चर15:00 – 16:27सम
लाभ16:27 – 17:54शुभ

रात का चौघड़िया

उद्वेग17:54 – 19:27त्यागें
शुभ19:27 – 21:00शुभ
अमृत21:00 – 22:34शुभ
चर22:34 – 00:07सम
रोग00:07 – 01:40त्यागें
काल01:40 – 03:14त्यागें
लाभ03:14 – 04:47शुभ
उद्वेग04:47 – 06:20त्यागें

समय चुने गए स्थान की स्थानीय घड़ी के अनुसार हैं। गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिड़ी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और सामान्य अपवर्तन के साथ।