दैनिक पंचांग
बुधवार, 27 अक्टूबर 2027
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांग के पांच अंग
सूर्योदय के समय; हर एक दिखाए गए समय तक रहता है।
| तिथि | कृष्ण त्रयोदशी, 22:50 तक फिर कृष्ण चतुर्दशी, 28 अक्टूबर, 20:48 तक |
|---|---|
| नक्षत्र | उत्तरा फाल्गुनी, 13:00 तक फिर हस्त, 28 अक्टूबर, 11:36 तक |
| योग | इंद्र, 08:42 तक फिर वैधृति, 28 अक्टूबर, 05:45 तक फिर विष्कुंभ, 29 अक्टूबर, 03:01 तक |
| करण | गर, 11:56 तक फिर वणिज, 22:50 तक फिर विष्टि, 28 अक्टूबर, 09:47 तक |
| वार | बुधवार |
सूर्य और चंद्रमा
| सूर्योदय | 06:29 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 17:40 |
| चंद्रोदय | 28 अक्टूबर, 05:01 |
| चंद्रास्त | 15:59 |
| सूर्य राशि | तुला |
| चंद्र राशि | कन्या |
हिंदू पंचांग
| पक्ष | कृष्ण |
|---|---|
| मास (अमांत) | आश्विन |
| मास (पूर्णिमांत) | कार्तिक |
| विक्रम संवत | 2084 |
| शक संवत | 1949 · प्लवंग |
शुभ और अशुभ समय
| राहु काल | 12:04 – 13:28 |
|---|---|
| यमगंड | 07:53 – 09:16 |
| गुलिक काल | 10:40 – 12:04 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:42 – 12:27 (परंपरा में बुधवार को त्याज्य) |
राहु काल, यमगंड और गुलिक काल प्रत्येक दिनमान का आठवां भाग हैं और परंपरा में नए कार्य आरंभ करने के लिए इनसे बचा जाता है; दोपहर के आसपास का अभिजित मुहूर्त शुभ है।
दिन का चौघड़िया
| लाभ | 06:29 – 07:53 | शुभ |
|---|---|---|
| अमृत | 07:53 – 09:16 | शुभ |
| काल | 09:16 – 10:40 | त्यागें |
| शुभ | 10:40 – 12:04 | शुभ |
| रोग | 12:04 – 13:28 | त्यागें |
| उद्वेग | 13:28 – 14:52 | त्यागें |
| चर | 14:52 – 16:16 | सम |
| लाभ | 16:16 – 17:40 | शुभ |
रात का चौघड़िया
| उद्वेग | 17:40 – 19:16 | त्यागें |
|---|---|---|
| शुभ | 19:16 – 20:52 | शुभ |
| अमृत | 20:52 – 22:29 | शुभ |
| चर | 22:29 – 00:05 | सम |
| रोग | 00:05 – 01:41 | त्यागें |
| काल | 01:41 – 03:17 | त्यागें |
| लाभ | 03:17 – 04:53 | शुभ |
| उद्वेग | 04:53 – 06:29 | त्यागें |
समय चुने गए स्थान की स्थानीय घड़ी के अनुसार हैं। गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिड़ी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और सामान्य अपवर्तन के साथ।