जन्म कुण्डली Janma Kundli

दैनिक पंचांग

शनिवार, 30 अक्टूबर 2027

New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata

पंचांग के पांच अंग

सूर्योदय के समय; हर एक दिखाए गए समय तक रहता है।

तिथि
शुक्ल प्रतिपदा, 17:52 तक
फिर शुक्ल द्वितीया, 31 अक्टूबर, 17:13 तक
नक्षत्र
स्वाति, 09:43 तक
फिर विशाखा, 31 अक्टूबर, 09:31 तक
योग
आयुष्मान, 22:30 तक
फिर सौभाग्य, 31 अक्टूबर, 20:56 तक
करण
बव, 17:52 तक
फिर बालव, 31 अक्टूबर, 05:28 तक
फिर कौलव, 31 अक्टूबर, 17:13 तक
वार
शनिवार

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय06:31
सूर्यास्त17:38
चंद्रोदय07:10
चंद्रास्त17:54
सूर्य राशितुला
चंद्र राशितुला, 31 अक्टूबर, 03:31; फिर वृश्चिक, 2 नवंबर, 11:06 तक तक

हिंदू पंचांग

पक्षशुक्ल
मास (अमांत)कार्तिक
मास (पूर्णिमांत)कार्तिक
विक्रम संवत2084
शक संवत1949 · प्लवंग

शुभ और अशुभ समय

राहु काल09:17 – 10:41
यमगंड13:28 – 14:51
गुलिक काल06:31 – 07:54
अभिजित मुहूर्त11:42 – 12:26

राहु काल, यमगंड और गुलिक काल प्रत्येक दिनमान का आठवां भाग हैं और परंपरा में नए कार्य आरंभ करने के लिए इनसे बचा जाता है; दोपहर के आसपास का अभिजित मुहूर्त शुभ है।

दिन का चौघड़िया

काल06:31 – 07:54त्यागें
शुभ07:54 – 09:17शुभ
रोग09:17 – 10:41त्यागें
उद्वेग10:41 – 12:04त्यागें
चर12:04 – 13:28सम
लाभ13:28 – 14:51शुभ
अमृत14:51 – 16:14शुभ
काल16:14 – 17:38त्यागें

रात का चौघड़िया

लाभ17:38 – 19:14शुभ
उद्वेग19:14 – 20:51त्यागें
शुभ20:51 – 22:28शुभ
अमृत22:28 – 00:04शुभ
चर00:04 – 01:41सम
रोग01:41 – 03:18त्यागें
काल03:18 – 04:55त्यागें
लाभ04:55 – 06:31शुभ

समय चुने गए स्थान की स्थानीय घड़ी के अनुसार हैं। गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिड़ी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और सामान्य अपवर्तन के साथ।