दैनिक पंचांग
गुरुवार, 11 नवंबर 2027
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांग के पांच अंग
सूर्योदय के समय; हर एक दिखाए गए समय तक रहता है।
| तिथि | शुक्ल द्वादशी, 10:07 तक फिर शुक्ल त्रयोदशी, 12 नवंबर, 10:21 तक |
|---|---|
| नक्षत्र | उत्तरा भाद्रपद, 07:01 तक फिर रेवती, 12 नवंबर, 07:55 तक |
| योग | वज्र, 22:57 तक फिर सिद्धि, 12 नवंबर, 21:42 तक |
| करण | बालव, 10:07 तक फिर कौलव, 22:19 तक फिर तैतिल, 12 नवंबर, 10:21 तक |
| वार | गुरुवार |
सूर्य और चंद्रमा
| सूर्योदय | 06:39 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 17:29 |
| चंद्रोदय | 15:26 |
| चंद्रास्त | 12 नवंबर, 04:42 |
| सूर्य राशि | तुला |
| चंद्र राशि | मीन |
हिंदू पंचांग
| पक्ष | शुक्ल |
|---|---|
| मास (अमांत) | कार्तिक |
| मास (पूर्णिमांत) | कार्तिक |
| विक्रम संवत | 2084 |
| शक संवत | 1949 · प्लवंग |
शुभ और अशुभ समय
| राहु काल | 13:26 – 14:47 |
|---|---|
| यमगंड | 06:39 – 08:01 |
| गुलिक काल | 09:22 – 10:43 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:43 – 12:26 |
राहु काल, यमगंड और गुलिक काल प्रत्येक दिनमान का आठवां भाग हैं और परंपरा में नए कार्य आरंभ करने के लिए इनसे बचा जाता है; दोपहर के आसपास का अभिजित मुहूर्त शुभ है।
दिन का चौघड़िया
| शुभ | 06:39 – 08:01 | शुभ |
|---|---|---|
| रोग | 08:01 – 09:22 | त्यागें |
| उद्वेग | 09:22 – 10:43 | त्यागें |
| चर | 10:43 – 12:04 | सम |
| लाभ | 12:04 – 13:26 | शुभ |
| अमृत | 13:26 – 14:47 | शुभ |
| काल | 14:47 – 16:08 | त्यागें |
| शुभ | 16:08 – 17:29 | शुभ |
रात का चौघड़िया
| अमृत | 17:29 – 19:08 | शुभ |
|---|---|---|
| चर | 19:08 – 20:47 | सम |
| रोग | 20:47 – 22:26 | त्यागें |
| काल | 22:26 – 00:05 | त्यागें |
| लाभ | 00:05 – 01:44 | शुभ |
| उद्वेग | 01:44 – 03:23 | त्यागें |
| शुभ | 03:23 – 05:01 | शुभ |
| अमृत | 05:01 – 06:40 | शुभ |
समय चुने गए स्थान की स्थानीय घड़ी के अनुसार हैं। गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिड़ी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय और सूर्यास्त सूर्य के ऊपरी किनारे और सामान्य अपवर्तन के साथ।