दैनिक पंचांग
सोमवार, 22 डिसेंबर 2025
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांगाची पाच अंगे
सूर्योदयाच्या वेळी; प्रत्येक अंग दाखवलेल्या वेळेपर्यंत असते.
| तिथी | शुक्ल द्वितीया, 10:52 पर्यंत नंतर शुक्ल तृतीया, 23 डिसेंबर, 12:13 पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | उत्तराषाढा, 23 डिसेंबर, 05:32 पर्यंत नंतर श्रवण, 24 डिसेंबर, 07:07 पर्यंत |
| योग | ध्रुव, 16:40 पर्यंत नंतर व्याघात, 23 डिसेंबर, 16:30 पर्यंत |
| करण | कौलव, 10:52 पर्यंत नंतर तैतिल, 23:35 पर्यंत नंतर गर, 23 डिसेंबर, 12:13 पर्यंत |
| वार | सोमवार |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 07:09 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 17:29 |
| चंद्रोदय | 09:01 |
| चंद्रास्त | 19:27 |
| सूर्य रास | धनु |
| चंद्र रास | धनु, 10:07; नंतर मकर, 24 डिसेंबर, 19:46 पर्यंत पर्यंत |
हिंदू दिनदर्शिका
| पक्ष | शुक्ल |
|---|---|
| महिना (अमांत) | पौष |
| महिना (पौर्णिमांत) | पौष |
| विक्रम संवत | 2082 |
| शके | 1947 · विश्वावसू |
शुभ आणि अशुभ वेळा
| राहू काळ | 08:27 – 09:44 |
|---|---|
| यमगंड | 11:02 – 12:19 |
| गुलिक काळ | 13:37 – 14:54 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:59 – 12:40 |
राहू काळ, यमगंड आणि गुलिक काळ प्रत्येकी दिनमानाचा आठवा भाग असतात आणि नव्या कामांच्या सुरुवातीसाठी परंपरेने टाळले जातात; दुपारच्या सुमाराचा अभिजित मुहूर्त शुभ असतो.
दिवसाचे चौघडिया
| अमृत | 07:09 – 08:27 | शुभ |
|---|---|---|
| काळ | 08:27 – 09:44 | टाळा |
| शुभ | 09:44 – 11:02 | शुभ |
| रोग | 11:02 – 12:19 | टाळा |
| उद्वेग | 12:19 – 13:37 | टाळा |
| चर | 13:37 – 14:54 | सम |
| लाभ | 14:54 – 16:12 | शुभ |
| अमृत | 16:12 – 17:29 | शुभ |
रात्रीचे चौघडिया
| चर | 17:29 – 19:12 | सम |
|---|---|---|
| रोग | 19:12 – 20:54 | टाळा |
| काळ | 20:54 – 22:37 | टाळा |
| लाभ | 22:37 – 00:19 | शुभ |
| उद्वेग | 00:19 – 02:02 | टाळा |
| शुभ | 02:02 – 03:45 | शुभ |
| अमृत | 03:45 – 05:27 | शुभ |
| चर | 05:27 – 07:10 | सम |
वेळा निवडलेल्या ठिकाणच्या स्थानिक घड्याळानुसार आहेत. गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय आणि सूर्यास्त सूर्याच्या वरच्या कडेनुसार, सामान्य अपवर्तनासह.