दैनिक पंचांग
रविवार, 15 मार्च 2026
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांगाची पाच अंगे
सूर्योदयाच्या वेळी; प्रत्येक अंग दाखवलेल्या वेळेपर्यंत असते.
| तिथी | कृष्ण एकादशी, 09:17 पर्यंत नंतर कृष्ण द्वादशी, 16 मार्च, 09:41 पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | श्रवण, 16 मार्च, 05:56 पर्यंत नंतर धनिष्ठा, 17 मार्च, 06:22 पर्यंत |
| योग | परिघ, 10:25 पर्यंत नंतर शिव, 16 मार्च, 09:36 पर्यंत |
| करण | बालव, 09:17 पर्यंत नंतर कौलव, 21:34 पर्यंत नंतर तैतिल, 16 मार्च, 09:41 पर्यंत |
| वार | रविवार |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 06:30 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:29 |
| चंद्रोदय | 16 मार्च, 04:47 |
| चंद्रास्त | 14:52 |
| सूर्य रास | मीन |
| चंद्र रास | मकर |
हिंदू दिनदर्शिका
| पक्ष | कृष्ण |
|---|---|
| महिना (अमांत) | फाल्गुन |
| महिना (पौर्णिमांत) | चैत्र |
| विक्रम संवत | 2082 |
| शके | 1947 · विश्वावसू |
शुभ आणि अशुभ वेळा
| राहू काळ | 16:59 – 18:29 |
|---|---|
| यमगंड | 12:30 – 14:00 |
| गुलिक काळ | 15:29 – 16:59 |
| अभिजित मुहूर्त | 12:06 – 12:54 |
राहू काळ, यमगंड आणि गुलिक काळ प्रत्येकी दिनमानाचा आठवा भाग असतात आणि नव्या कामांच्या सुरुवातीसाठी परंपरेने टाळले जातात; दुपारच्या सुमाराचा अभिजित मुहूर्त शुभ असतो.
दिवसाचे चौघडिया
| उद्वेग | 06:30 – 08:00 | टाळा |
|---|---|---|
| चर | 08:00 – 09:30 | सम |
| लाभ | 09:30 – 11:00 | शुभ |
| अमृत | 11:00 – 12:30 | शुभ |
| काळ | 12:30 – 14:00 | टाळा |
| शुभ | 14:00 – 15:29 | शुभ |
| रोग | 15:29 – 16:59 | टाळा |
| उद्वेग | 16:59 – 18:29 | टाळा |
रात्रीचे चौघडिया
| शुभ | 18:29 – 19:59 | शुभ |
|---|---|---|
| अमृत | 19:59 – 21:29 | शुभ |
| चर | 21:29 – 22:59 | सम |
| रोग | 22:59 – 00:29 | टाळा |
| काळ | 00:29 – 01:59 | टाळा |
| लाभ | 01:59 – 03:29 | शुभ |
| उद्वेग | 03:29 – 04:59 | टाळा |
| शुभ | 04:59 – 06:29 | शुभ |
वेळा निवडलेल्या ठिकाणच्या स्थानिक घड्याळानुसार आहेत. गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय आणि सूर्यास्त सूर्याच्या वरच्या कडेनुसार, सामान्य अपवर्तनासह.