दैनिक पंचांग
शुक्रवार, 10 एप्रिल 2026
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांगाची पाच अंगे
सूर्योदयाच्या वेळी; प्रत्येक अंग दाखवलेल्या वेळेपर्यंत असते.
| तिथी | कृष्ण अष्टमी, 23:16 पर्यंत नंतर कृष्ण नवमी, 12 एप्रिल, 00:38 पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | पूर्वाषाढा, 11:28 पर्यंत नंतर उत्तराषाढा, 11 एप्रिल, 13:40 पर्यंत |
| योग | शिव, 18:30 पर्यंत नंतर सिद्ध, 11 एप्रिल, 18:39 पर्यंत |
| करण | बालव, 10:21 पर्यंत नंतर कौलव, 23:16 पर्यंत नंतर तैतिल, 11 एप्रिल, 12:01 पर्यंत |
| वार | शुक्रवार |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 06:01 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:44 |
| चंद्रोदय | 11 एप्रिल, 02:05 |
| चंद्रास्त | 11:39 |
| सूर्य रास | मीन |
| चंद्र रास | धनु, 18:04; नंतर मकर, 13 एप्रिल, 03:44 पर्यंत पर्यंत |
हिंदू दिनदर्शिका
| पक्ष | कृष्ण |
|---|---|
| महिना (अमांत) | चैत्र |
| महिना (पौर्णिमांत) | वैशाख |
| विक्रम संवत | 2083 |
| शके | 1948 · पराभव |
शुभ आणि अशुभ वेळा
| राहू काळ | 10:47 – 12:22 |
|---|---|
| यमगंड | 15:33 – 17:08 |
| गुलिक काळ | 07:36 – 09:11 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:57 – 12:48 |
राहू काळ, यमगंड आणि गुलिक काळ प्रत्येकी दिनमानाचा आठवा भाग असतात आणि नव्या कामांच्या सुरुवातीसाठी परंपरेने टाळले जातात; दुपारच्या सुमाराचा अभिजित मुहूर्त शुभ असतो.
दिवसाचे चौघडिया
| चर | 06:01 – 07:36 | सम |
|---|---|---|
| लाभ | 07:36 – 09:11 | शुभ |
| अमृत | 09:11 – 10:47 | शुभ |
| काळ | 10:47 – 12:22 | टाळा |
| शुभ | 12:22 – 13:58 | शुभ |
| रोग | 13:58 – 15:33 | टाळा |
| उद्वेग | 15:33 – 17:08 | टाळा |
| चर | 17:08 – 18:44 | सम |
रात्रीचे चौघडिया
| रोग | 18:44 – 20:08 | टाळा |
|---|---|---|
| काळ | 20:08 – 21:33 | टाळा |
| लाभ | 21:33 – 22:57 | शुभ |
| उद्वेग | 22:57 – 00:22 | टाळा |
| शुभ | 00:22 – 01:46 | शुभ |
| अमृत | 01:46 – 03:11 | शुभ |
| चर | 03:11 – 04:35 | सम |
| रोग | 04:35 – 06:00 | टाळा |
वेळा निवडलेल्या ठिकाणच्या स्थानिक घड्याळानुसार आहेत. गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय आणि सूर्यास्त सूर्याच्या वरच्या कडेनुसार, सामान्य अपवर्तनासह.