दैनिक पंचांग
बुधवार, 6 मे 2026
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांगाची पाच अंगे
सूर्योदयाच्या वेळी; प्रत्येक अंग दाखवलेल्या वेळेपर्यंत असते.
| तिथी | कृष्ण चतुर्थी, 07:51 पर्यंत नंतर कृष्ण पंचमी, 7 मे, 10:14 पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | मूळ, 15:53 पर्यंत नंतर पूर्वाषाढा, 7 मे, 18:45 पर्यंत |
| योग | सिद्ध, 7 मे, 01:12 पर्यंत नंतर साध्य, 8 मे, 01:59 पर्यंत |
| करण | बालव, 07:51 पर्यंत नंतर कौलव, 21:04 पर्यंत नंतर तैतिल, 7 मे, 10:14 पर्यंत |
| वार | बुधवार |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 05:36 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:59 |
| चंद्रोदय | 23:18 |
| चंद्रास्त | 08:35 |
| सूर्य रास | मेष |
| चंद्र रास | धनु |
हिंदू दिनदर्शिका
| पक्ष | कृष्ण |
|---|---|
| महिना (अमांत) | वैशाख |
| महिना (पौर्णिमांत) | ज्येष्ठ |
| विक्रम संवत | 2083 |
| शके | 1948 · पराभव |
शुभ आणि अशुभ वेळा
| राहू काळ | 12:17 – 13:58 |
|---|---|
| यमगंड | 07:16 – 08:57 |
| गुलिक काळ | 10:37 – 12:17 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:51 – 12:44 (बुधवारी परंपरेने टाळला जातो) |
राहू काळ, यमगंड आणि गुलिक काळ प्रत्येकी दिनमानाचा आठवा भाग असतात आणि नव्या कामांच्या सुरुवातीसाठी परंपरेने टाळले जातात; दुपारच्या सुमाराचा अभिजित मुहूर्त शुभ असतो.
दिवसाचे चौघडिया
| लाभ | 05:36 – 07:16 | शुभ |
|---|---|---|
| अमृत | 07:16 – 08:57 | शुभ |
| काळ | 08:57 – 10:37 | टाळा |
| शुभ | 10:37 – 12:17 | शुभ |
| रोग | 12:17 – 13:58 | टाळा |
| उद्वेग | 13:58 – 15:38 | टाळा |
| चर | 15:38 – 17:19 | सम |
| लाभ | 17:19 – 18:59 | शुभ |
रात्रीचे चौघडिया
| उद्वेग | 18:59 – 20:19 | टाळा |
|---|---|---|
| शुभ | 20:19 – 21:38 | शुभ |
| अमृत | 21:38 – 22:58 | शुभ |
| चर | 22:58 – 00:17 | सम |
| रोग | 00:17 – 01:37 | टाळा |
| काळ | 01:37 – 02:56 | टाळा |
| लाभ | 02:56 – 04:16 | शुभ |
| उद्वेग | 04:16 – 05:35 | टाळा |
वेळा निवडलेल्या ठिकाणच्या स्थानिक घड्याळानुसार आहेत. गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय आणि सूर्यास्त सूर्याच्या वरच्या कडेनुसार, सामान्य अपवर्तनासह.