दैनिक पंचांग
रविवार, 31 मे 2026
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांगाची पाच अंगे
सूर्योदयाच्या वेळी; प्रत्येक अंग दाखवलेल्या वेळेपर्यंत असते.
| तिथी | पौर्णिमा, 14:15 पर्यंत नंतर कृष्ण प्रतिपदा, 1 जून, 16:37 पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | अनुराधा, 16:12 पर्यंत नंतर ज्येष्ठा, 1 जून, 19:08 पर्यंत |
| योग | शिव, 05:24 पर्यंत नंतर सिद्ध, 1 जून, 06:19 पर्यंत |
| करण | बव, 14:15 पर्यंत नंतर बालव, 1 जून, 03:25 पर्यंत नंतर कौलव, 1 जून, 16:37 पर्यंत |
| वार | रविवार |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 05:23 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 19:14 |
| चंद्रोदय | 19:31 |
| चंद्रास्त | 1 जून, 05:40 |
| सूर्य रास | वृषभ |
| चंद्र रास | वृश्चिक |
हिंदू दिनदर्शिका
| पक्ष | शुक्ल |
|---|---|
| महिना (अमांत) | ज्येष्ठ (अधिक) |
| महिना (पौर्णिमांत) | ज्येष्ठ |
| विक्रम संवत | 2083 |
| शके | 1948 · पराभव |
शुभ आणि अशुभ वेळा
| राहू काळ | 17:30 – 19:14 |
|---|---|
| यमगंड | 12:18 – 14:02 |
| गुलिक काळ | 15:46 – 17:30 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:51 – 12:46 |
राहू काळ, यमगंड आणि गुलिक काळ प्रत्येकी दिनमानाचा आठवा भाग असतात आणि नव्या कामांच्या सुरुवातीसाठी परंपरेने टाळले जातात; दुपारच्या सुमाराचा अभिजित मुहूर्त शुभ असतो.
दिवसाचे चौघडिया
| उद्वेग | 05:23 – 07:07 | टाळा |
|---|---|---|
| चर | 07:07 – 08:51 | सम |
| लाभ | 08:51 – 10:35 | शुभ |
| अमृत | 10:35 – 12:18 | शुभ |
| काळ | 12:18 – 14:02 | टाळा |
| शुभ | 14:02 – 15:46 | शुभ |
| रोग | 15:46 – 17:30 | टाळा |
| उद्वेग | 17:30 – 19:14 | टाळा |
रात्रीचे चौघडिया
| शुभ | 19:14 – 20:30 | शुभ |
|---|---|---|
| अमृत | 20:30 – 21:46 | शुभ |
| चर | 21:46 – 23:02 | सम |
| रोग | 23:02 – 00:18 | टाळा |
| काळ | 00:18 – 01:34 | टाळा |
| लाभ | 01:34 – 02:51 | शुभ |
| उद्वेग | 02:51 – 04:07 | टाळा |
| शुभ | 04:07 – 05:23 | शुभ |
वेळा निवडलेल्या ठिकाणच्या स्थानिक घड्याळानुसार आहेत. गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय आणि सूर्यास्त सूर्याच्या वरच्या कडेनुसार, सामान्य अपवर्तनासह.