दैनिक पंचांग
बुधवार, 17 जून 2026
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांगाची पाच अंगे
सूर्योदयाच्या वेळी; प्रत्येक अंग दाखवलेल्या वेळेपर्यंत असते.
| तिथी | शुक्ल तृतीया, 21:39 पर्यंत नंतर शुक्ल चतुर्थी, 18 जून, 18:59 पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | पुनर्वसू, 13:37 पर्यंत नंतर पुष्य, 18 जून, 11:32 पर्यंत |
| योग | ध्रुव, 20:51 पर्यंत नंतर व्याघात, 18 जून, 17:35 पर्यंत |
| करण | तैतिल, 11:12 पर्यंत नंतर गर, 21:39 पर्यंत नंतर वणिज, 18 जून, 08:14 पर्यंत |
| वार | बुधवार |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 05:22 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 19:21 |
| चंद्रोदय | 07:27 |
| चंद्रास्त | 21:49 |
| सूर्य रास | मिथुन |
| चंद्र रास | मिथुन, 08:13; नंतर कर्क, 19 जून, 10:07 पर्यंत पर्यंत |
हिंदू दिनदर्शिका
| पक्ष | शुक्ल |
|---|---|
| महिना (अमांत) | ज्येष्ठ |
| महिना (पौर्णिमांत) | ज्येष्ठ |
| विक्रम संवत | 2083 |
| शके | 1948 · पराभव |
शुभ आणि अशुभ वेळा
| राहू काळ | 12:22 – 14:06 |
|---|---|
| यमगंड | 07:07 – 08:52 |
| गुलिक काळ | 10:37 – 12:22 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:54 – 12:49 (बुधवारी परंपरेने टाळला जातो) |
राहू काळ, यमगंड आणि गुलिक काळ प्रत्येकी दिनमानाचा आठवा भाग असतात आणि नव्या कामांच्या सुरुवातीसाठी परंपरेने टाळले जातात; दुपारच्या सुमाराचा अभिजित मुहूर्त शुभ असतो.
दिवसाचे चौघडिया
| लाभ | 05:22 – 07:07 | शुभ |
|---|---|---|
| अमृत | 07:07 – 08:52 | शुभ |
| काळ | 08:52 – 10:37 | टाळा |
| शुभ | 10:37 – 12:22 | शुभ |
| रोग | 12:22 – 14:06 | टाळा |
| उद्वेग | 14:06 – 15:51 | टाळा |
| चर | 15:51 – 17:36 | सम |
| लाभ | 17:36 – 19:21 | शुभ |
रात्रीचे चौघडिया
| उद्वेग | 19:21 – 20:36 | टाळा |
|---|---|---|
| शुभ | 20:36 – 21:51 | शुभ |
| अमृत | 21:51 – 23:06 | शुभ |
| चर | 23:06 – 00:22 | सम |
| रोग | 00:22 – 01:37 | टाळा |
| काळ | 01:37 – 02:52 | टाळा |
| लाभ | 02:52 – 04:07 | शुभ |
| उद्वेग | 04:07 – 05:23 | टाळा |
वेळा निवडलेल्या ठिकाणच्या स्थानिक घड्याळानुसार आहेत. गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय आणि सूर्यास्त सूर्याच्या वरच्या कडेनुसार, सामान्य अपवर्तनासह.