दैनिक पंचांग
शनिवार, 4 जुलै 2026
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांगाची पाच अंगे
सूर्योदयाच्या वेळी; प्रत्येक अंग दाखवलेल्या वेळेपर्यंत असते.
| तिथी | कृष्ण चतुर्थी, 12:40 पर्यंत नंतर कृष्ण पंचमी, 5 जुलै, 13:31 पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | धनिष्ठा, 13:44 पर्यंत नंतर शततारका, 5 जुलै, 15:12 पर्यंत |
| योग | प्रीती, 17:01 पर्यंत नंतर आयुष्मान, 5 जुलै, 16:40 पर्यंत |
| करण | बालव, 12:40 पर्यंत नंतर कौलव, 5 जुलै, 01:09 पर्यंत नंतर तैतिल, 5 जुलै, 13:31 पर्यंत |
| वार | शनिवार |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 05:27 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 19:23 |
| चंद्रोदय | 22:18 |
| चंद्रास्त | 09:08 |
| सूर्य रास | मिथुन |
| चंद्र रास | कुंभ |
हिंदू दिनदर्शिका
| पक्ष | कृष्ण |
|---|---|
| महिना (अमांत) | ज्येष्ठ |
| महिना (पौर्णिमांत) | आषाढ |
| विक्रम संवत | 2083 |
| शके | 1948 · पराभव |
शुभ आणि अशुभ वेळा
| राहू काळ | 08:56 – 10:41 |
|---|---|
| यमगंड | 14:09 – 15:54 |
| गुलिक काळ | 05:27 – 07:12 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:57 – 12:53 |
राहू काळ, यमगंड आणि गुलिक काळ प्रत्येकी दिनमानाचा आठवा भाग असतात आणि नव्या कामांच्या सुरुवातीसाठी परंपरेने टाळले जातात; दुपारच्या सुमाराचा अभिजित मुहूर्त शुभ असतो.
दिवसाचे चौघडिया
| काळ | 05:27 – 07:12 | टाळा |
|---|---|---|
| शुभ | 07:12 – 08:56 | शुभ |
| रोग | 08:56 – 10:41 | टाळा |
| उद्वेग | 10:41 – 12:25 | टाळा |
| चर | 12:25 – 14:09 | सम |
| लाभ | 14:09 – 15:54 | शुभ |
| अमृत | 15:54 – 17:38 | शुभ |
| काळ | 17:38 – 19:23 | टाळा |
रात्रीचे चौघडिया
| लाभ | 19:23 – 20:38 | शुभ |
|---|---|---|
| उद्वेग | 20:38 – 21:54 | टाळा |
| शुभ | 21:54 – 23:10 | शुभ |
| अमृत | 23:10 – 00:25 | शुभ |
| चर | 00:25 – 01:41 | सम |
| रोग | 01:41 – 02:56 | टाळा |
| काळ | 02:56 – 04:12 | टाळा |
| लाभ | 04:12 – 05:28 | शुभ |
वेळा निवडलेल्या ठिकाणच्या स्थानिक घड्याळानुसार आहेत. गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय आणि सूर्यास्त सूर्याच्या वरच्या कडेनुसार, सामान्य अपवर्तनासह.