दैनिक पंचांग
गुरुवार, 6 ऑगस्ट 2026
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांगाची पाच अंगे
सूर्योदयाच्या वेळी; प्रत्येक अंग दाखवलेल्या वेळेपर्यंत असते.
| तिथी | कृष्ण अष्टमी, 18:53 पर्यंत नंतर कृष्ण नवमी, 7 ऑगस्ट, 16:37 पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | भरणी, 20:13 पर्यंत नंतर कृत्तिका, 7 ऑगस्ट, 18:43 पर्यंत |
| योग | गंड, 15:00 पर्यंत नंतर वृद्धी, 7 ऑगस्ट, 12:11 पर्यंत |
| करण | बालव, 07:51 पर्यंत नंतर कौलव, 18:53 पर्यंत नंतर तैतिल, 7 ऑगस्ट, 05:48 पर्यंत |
| वार | गुरुवार |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 05:45 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 19:08 |
| चंद्रोदय | 23:41 |
| चंद्रास्त | 13:02 |
| सूर्य रास | कर्क |
| चंद्र रास | मेष, 7 ऑगस्ट, 01:53; नंतर वृषभ, 9 ऑगस्ट, 03:49 पर्यंत पर्यंत |
हिंदू दिनदर्शिका
| पक्ष | कृष्ण |
|---|---|
| महिना (अमांत) | आषाढ |
| महिना (पौर्णिमांत) | श्रावण |
| विक्रम संवत | 2083 |
| शके | 1948 · पराभव |
शुभ आणि अशुभ वेळा
| राहू काळ | 14:07 – 15:47 |
|---|---|
| यमगंड | 05:45 – 07:25 |
| गुलिक काळ | 09:05 – 10:46 |
| अभिजित मुहूर्त | 12:00 – 12:53 |
राहू काळ, यमगंड आणि गुलिक काळ प्रत्येकी दिनमानाचा आठवा भाग असतात आणि नव्या कामांच्या सुरुवातीसाठी परंपरेने टाळले जातात; दुपारच्या सुमाराचा अभिजित मुहूर्त शुभ असतो.
दिवसाचे चौघडिया
| शुभ | 05:45 – 07:25 | शुभ |
|---|---|---|
| रोग | 07:25 – 09:05 | टाळा |
| उद्वेग | 09:05 – 10:46 | टाळा |
| चर | 10:46 – 12:26 | सम |
| लाभ | 12:26 – 14:07 | शुभ |
| अमृत | 14:07 – 15:47 | शुभ |
| काळ | 15:47 – 17:28 | टाळा |
| शुभ | 17:28 – 19:08 | शुभ |
रात्रीचे चौघडिया
| अमृत | 19:08 – 20:28 | शुभ |
|---|---|---|
| चर | 20:28 – 21:47 | सम |
| रोग | 21:47 – 23:07 | टाळा |
| काळ | 23:07 – 00:27 | टाळा |
| लाभ | 00:27 – 01:46 | शुभ |
| उद्वेग | 01:46 – 03:06 | टाळा |
| शुभ | 03:06 – 04:26 | शुभ |
| अमृत | 04:26 – 05:45 | शुभ |
वेळा निवडलेल्या ठिकाणच्या स्थानिक घड्याळानुसार आहेत. गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय आणि सूर्यास्त सूर्याच्या वरच्या कडेनुसार, सामान्य अपवर्तनासह.