दैनिक पंचांग
रविवार, 25 ऑक्टोबर 2026
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांगाची पाच अंगे
सूर्योदयाच्या वेळी; प्रत्येक अंग दाखवलेल्या वेळेपर्यंत असते.
| तिथी | शुक्ल चतुर्दशी, 11:56 पर्यंत नंतर पौर्णिमा, 26 ऑक्टोबर, 09:41 पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | रेवती, 19:22 पर्यंत नंतर अश्विनी, 26 ऑक्टोबर, 17:41 पर्यंत |
| योग | हर्षण, 17:22 पर्यंत नंतर वज्र, 26 ऑक्टोबर, 14:17 पर्यंत |
| करण | वणिज, 11:56 पर्यंत नंतर विष्टी, 22:52 पर्यंत नंतर बव, 26 ऑक्टोबर, 09:41 पर्यंत |
| वार | रविवार |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 06:27 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 17:42 |
| चंद्रोदय | 16:55 |
| चंद्रास्त | 26 ऑक्टोबर, 06:27 |
| सूर्य रास | तूळ |
| चंद्र रास | मीन, 19:22; नंतर मेष, 27 ऑक्टोबर, 21:06 पर्यंत पर्यंत |
हिंदू दिनदर्शिका
| पक्ष | शुक्ल |
|---|---|
| महिना (अमांत) | आश्विन |
| महिना (पौर्णिमांत) | आश्विन |
| विक्रम संवत | 2083 |
| शके | 1948 · पराभव |
शुभ आणि अशुभ वेळा
| राहू काळ | 16:17 – 17:42 |
|---|---|
| यमगंड | 12:05 – 13:29 |
| गुलिक काळ | 14:53 – 16:17 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:42 – 12:27 |
राहू काळ, यमगंड आणि गुलिक काळ प्रत्येकी दिनमानाचा आठवा भाग असतात आणि नव्या कामांच्या सुरुवातीसाठी परंपरेने टाळले जातात; दुपारच्या सुमाराचा अभिजित मुहूर्त शुभ असतो.
दिवसाचे चौघडिया
| उद्वेग | 06:27 – 07:52 | टाळा |
|---|---|---|
| चर | 07:52 – 09:16 | सम |
| लाभ | 09:16 – 10:40 | शुभ |
| अमृत | 10:40 – 12:05 | शुभ |
| काळ | 12:05 – 13:29 | टाळा |
| शुभ | 13:29 – 14:53 | शुभ |
| रोग | 14:53 – 16:17 | टाळा |
| उद्वेग | 16:17 – 17:42 | टाळा |
रात्रीचे चौघडिया
| शुभ | 17:42 – 19:18 | शुभ |
|---|---|---|
| अमृत | 19:18 – 20:53 | शुभ |
| चर | 20:53 – 22:29 | सम |
| रोग | 22:29 – 00:05 | टाळा |
| काळ | 00:05 – 01:41 | टाळा |
| लाभ | 01:41 – 03:16 | शुभ |
| उद्वेग | 03:16 – 04:52 | टाळा |
| शुभ | 04:52 – 06:28 | शुभ |
वेळा निवडलेल्या ठिकाणच्या स्थानिक घड्याळानुसार आहेत. गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय आणि सूर्यास्त सूर्याच्या वरच्या कडेनुसार, सामान्य अपवर्तनासह.