दैनिक पंचांग
बुधवार, 11 नोव्हेंबर 2026
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांगाची पाच अंगे
सूर्योदयाच्या वेळी; प्रत्येक अंग दाखवलेल्या वेळेपर्यंत असते.
| तिथी | शुक्ल द्वितीया, 15:53 पर्यंत नंतर शुक्ल तृतीया, 12 नोव्हेंबर, 18:09 पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | अनुराधा, 11:38 पर्यंत नंतर ज्येष्ठा, 12 नोव्हेंबर, 14:19 पर्यंत |
| योग | अतिगंड, 12 नोव्हेंबर, 03:40 पर्यंत नंतर सुकर्मा, 13 नोव्हेंबर, 04:26 पर्यंत |
| करण | कौलव, 15:53 पर्यंत नंतर तैतिल, 12 नोव्हेंबर, 04:59 पर्यंत नंतर गर, 12 नोव्हेंबर, 18:09 पर्यंत |
| वार | बुधवार |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 06:40 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 17:29 |
| चंद्रोदय | 08:31 |
| चंद्रास्त | 18:42 |
| सूर्य रास | तूळ |
| चंद्र रास | वृश्चिक |
हिंदू दिनदर्शिका
| पक्ष | शुक्ल |
|---|---|
| महिना (अमांत) | कार्तिक |
| महिना (पौर्णिमांत) | कार्तिक |
| विक्रम संवत | 2083 |
| शके | 1948 · पराभव |
शुभ आणि अशुभ वेळा
| राहू काळ | 12:04 – 13:26 |
|---|---|
| यमगंड | 08:01 – 09:22 |
| गुलिक काळ | 10:43 – 12:04 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:43 – 12:26 (बुधवारी परंपरेने टाळला जातो) |
राहू काळ, यमगंड आणि गुलिक काळ प्रत्येकी दिनमानाचा आठवा भाग असतात आणि नव्या कामांच्या सुरुवातीसाठी परंपरेने टाळले जातात; दुपारच्या सुमाराचा अभिजित मुहूर्त शुभ असतो.
दिवसाचे चौघडिया
| लाभ | 06:40 – 08:01 | शुभ |
|---|---|---|
| अमृत | 08:01 – 09:22 | शुभ |
| काळ | 09:22 – 10:43 | टाळा |
| शुभ | 10:43 – 12:04 | शुभ |
| रोग | 12:04 – 13:26 | टाळा |
| उद्वेग | 13:26 – 14:47 | टाळा |
| चर | 14:47 – 16:08 | सम |
| लाभ | 16:08 – 17:29 | शुभ |
रात्रीचे चौघडिया
| उद्वेग | 17:29 – 19:08 | टाळा |
|---|---|---|
| शुभ | 19:08 – 20:47 | शुभ |
| अमृत | 20:47 – 22:26 | शुभ |
| चर | 22:26 – 00:05 | सम |
| रोग | 00:05 – 01:44 | टाळा |
| काळ | 01:44 – 03:23 | टाळा |
| लाभ | 03:23 – 05:02 | शुभ |
| उद्वेग | 05:02 – 06:40 | टाळा |
वेळा निवडलेल्या ठिकाणच्या स्थानिक घड्याळानुसार आहेत. गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय आणि सूर्यास्त सूर्याच्या वरच्या कडेनुसार, सामान्य अपवर्तनासह.