दैनिक पंचांग
शनिवार, 14 नोव्हेंबर 2026
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांगाची पाच अंगे
सूर्योदयाच्या वेळी; प्रत्येक अंग दाखवलेल्या वेळेपर्यंत असते.
| तिथी | शुक्ल पंचमी, 23:24 पर्यंत नंतर शुक्ल षष्ठी, 16 नोव्हेंबर, 02:01 पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | पूर्वाषाढा, 20:24 पर्यंत नंतर उत्तराषाढा, 15 नोव्हेंबर, 23:29 पर्यंत |
| योग | शूल, 15 नोव्हेंबर, 06:22 पर्यंत नंतर गंड, 16 नोव्हेंबर, 07:16 पर्यंत |
| करण | बव, 10:03 पर्यंत नंतर बालव, 23:24 पर्यंत नंतर कौलव, 15 नोव्हेंबर, 12:44 पर्यंत |
| वार | शनिवार |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 06:42 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 17:28 |
| चंद्रोदय | 11:00 |
| चंद्रास्त | 21:22 |
| सूर्य रास | तूळ |
| चंद्र रास | धनु, 15 नोव्हेंबर, 03:11; नंतर मकर, 17 नोव्हेंबर, 15:30 पर्यंत पर्यंत |
हिंदू दिनदर्शिका
| पक्ष | शुक्ल |
|---|---|
| महिना (अमांत) | कार्तिक |
| महिना (पौर्णिमांत) | कार्तिक |
| विक्रम संवत | 2083 |
| शके | 1948 · पराभव |
शुभ आणि अशुभ वेळा
| राहू काळ | 09:23 – 10:44 |
|---|---|
| यमगंड | 13:26 – 14:46 |
| गुलिक काळ | 06:42 – 08:03 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:43 – 12:26 |
राहू काळ, यमगंड आणि गुलिक काळ प्रत्येकी दिनमानाचा आठवा भाग असतात आणि नव्या कामांच्या सुरुवातीसाठी परंपरेने टाळले जातात; दुपारच्या सुमाराचा अभिजित मुहूर्त शुभ असतो.
दिवसाचे चौघडिया
| काळ | 06:42 – 08:03 | टाळा |
|---|---|---|
| शुभ | 08:03 – 09:23 | शुभ |
| रोग | 09:23 – 10:44 | टाळा |
| उद्वेग | 10:44 – 12:05 | टाळा |
| चर | 12:05 – 13:26 | सम |
| लाभ | 13:26 – 14:46 | शुभ |
| अमृत | 14:46 – 16:07 | शुभ |
| काळ | 16:07 – 17:28 | टाळा |
रात्रीचे चौघडिया
| लाभ | 17:28 – 19:07 | शुभ |
|---|---|---|
| उद्वेग | 19:07 – 20:47 | टाळा |
| शुभ | 20:47 – 22:26 | शुभ |
| अमृत | 22:26 – 00:05 | शुभ |
| चर | 00:05 – 01:45 | सम |
| रोग | 01:45 – 03:24 | टाळा |
| काळ | 03:24 – 05:03 | टाळा |
| लाभ | 05:03 – 06:43 | शुभ |
वेळा निवडलेल्या ठिकाणच्या स्थानिक घड्याळानुसार आहेत. गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय आणि सूर्यास्त सूर्याच्या वरच्या कडेनुसार, सामान्य अपवर्तनासह.