दैनिक पंचांग
बुधवार, 3 फेब्रुवारी 2027
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांगाची पाच अंगे
सूर्योदयाच्या वेळी; प्रत्येक अंग दाखवलेल्या वेळेपर्यंत असते.
| तिथी | कृष्ण द्वादशी, 13:50 पर्यंत नंतर कृष्ण त्रयोदशी, 4 फेब्रुवारी, 16:31 पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | मूळ, 12:26 पर्यंत नंतर पूर्वाषाढा, 4 फेब्रुवारी, 15:32 पर्यंत |
| योग | हर्षण, 18:44 पर्यंत नंतर वज्र, 4 फेब्रुवारी, 19:41 पर्यंत |
| करण | तैतिल, 13:50 पर्यंत नंतर गर, 4 फेब्रुवारी, 03:11 पर्यंत नंतर वणिज, 4 फेब्रुवारी, 16:31 पर्यंत |
| वार | बुधवार |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 07:08 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:01 |
| चंद्रोदय | 4 फेब्रुवारी, 05:36 |
| चंद्रास्त | 15:03 |
| सूर्य रास | मकर |
| चंद्र रास | धनु |
हिंदू दिनदर्शिका
| पक्ष | कृष्ण |
|---|---|
| महिना (अमांत) | पौष |
| महिना (पौर्णिमांत) | माघ |
| विक्रम संवत | 2083 |
| शके | 1948 · पराभव |
शुभ आणि अशुभ वेळा
| राहू काळ | 12:35 – 13:56 |
|---|---|
| यमगंड | 08:29 – 09:51 |
| गुलिक काळ | 11:13 – 12:35 |
| अभिजित मुहूर्त | 12:13 – 12:56 (बुधवारी परंपरेने टाळला जातो) |
राहू काळ, यमगंड आणि गुलिक काळ प्रत्येकी दिनमानाचा आठवा भाग असतात आणि नव्या कामांच्या सुरुवातीसाठी परंपरेने टाळले जातात; दुपारच्या सुमाराचा अभिजित मुहूर्त शुभ असतो.
दिवसाचे चौघडिया
| लाभ | 07:08 – 08:29 | शुभ |
|---|---|---|
| अमृत | 08:29 – 09:51 | शुभ |
| काळ | 09:51 – 11:13 | टाळा |
| शुभ | 11:13 – 12:35 | शुभ |
| रोग | 12:35 – 13:56 | टाळा |
| उद्वेग | 13:56 – 15:18 | टाळा |
| चर | 15:18 – 16:40 | सम |
| लाभ | 16:40 – 18:01 | शुभ |
रात्रीचे चौघडिया
| उद्वेग | 18:01 – 19:40 | टाळा |
|---|---|---|
| शुभ | 19:40 – 21:18 | शुभ |
| अमृत | 21:18 – 22:56 | शुभ |
| चर | 22:56 – 00:34 | सम |
| रोग | 00:34 – 02:12 | टाळा |
| काळ | 02:12 – 03:51 | टाळा |
| लाभ | 03:51 – 05:29 | शुभ |
| उद्वेग | 05:29 – 07:07 | टाळा |
वेळा निवडलेल्या ठिकाणच्या स्थानिक घड्याळानुसार आहेत. गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय आणि सूर्यास्त सूर्याच्या वरच्या कडेनुसार, सामान्य अपवर्तनासह.