दैनिक पंचांग
सोमवार, 22 मार्च 2027
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांगाची पाच अंगे
सूर्योदयाच्या वेळी; प्रत्येक अंग दाखवलेल्या वेळेपर्यंत असते.
| तिथी | पौर्णिमा, 16:13 पर्यंत नंतर कृष्ण प्रतिपदा, 23 मार्च, 14:28 पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | उत्तरा फाल्गुनी, 20:46 पर्यंत नंतर हस्त, 23 मार्च, 19:49 पर्यंत |
| योग | गंड, 14:04 पर्यंत नंतर वृद्धी, 23 मार्च, 11:27 पर्यंत |
| करण | बव, 16:13 पर्यंत नंतर बालव, 23 मार्च, 03:17 पर्यंत नंतर कौलव, 23 मार्च, 14:28 पर्यंत |
| वार | सोमवार |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 06:23 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:33 |
| चंद्रोदय | 18:37 |
| चंद्रास्त | 23 मार्च, 06:33 |
| सूर्य रास | मीन |
| चंद्र रास | कन्या |
हिंदू दिनदर्शिका
| पक्ष | शुक्ल |
|---|---|
| महिना (अमांत) | फाल्गुन |
| महिना (पौर्णिमांत) | फाल्गुन |
| विक्रम संवत | 2083 |
| शके | 1948 · पराभव |
शुभ आणि अशुभ वेळा
| राहू काळ | 07:54 – 09:25 |
|---|---|
| यमगंड | 10:57 – 12:28 |
| गुलिक काळ | 13:59 – 15:30 |
| अभिजित मुहूर्त | 12:04 – 12:52 |
राहू काळ, यमगंड आणि गुलिक काळ प्रत्येकी दिनमानाचा आठवा भाग असतात आणि नव्या कामांच्या सुरुवातीसाठी परंपरेने टाळले जातात; दुपारच्या सुमाराचा अभिजित मुहूर्त शुभ असतो.
दिवसाचे चौघडिया
| अमृत | 06:23 – 07:54 | शुभ |
|---|---|---|
| काळ | 07:54 – 09:25 | टाळा |
| शुभ | 09:25 – 10:57 | शुभ |
| रोग | 10:57 – 12:28 | टाळा |
| उद्वेग | 12:28 – 13:59 | टाळा |
| चर | 13:59 – 15:30 | सम |
| लाभ | 15:30 – 17:02 | शुभ |
| अमृत | 17:02 – 18:33 | शुभ |
रात्रीचे चौघडिया
| चर | 18:33 – 20:02 | सम |
|---|---|---|
| रोग | 20:02 – 21:30 | टाळा |
| काळ | 21:30 – 22:59 | टाळा |
| लाभ | 22:59 – 00:27 | शुभ |
| उद्वेग | 00:27 – 01:56 | टाळा |
| शुभ | 01:56 – 03:24 | शुभ |
| अमृत | 03:24 – 04:53 | शुभ |
| चर | 04:53 – 06:22 | सम |
वेळा निवडलेल्या ठिकाणच्या स्थानिक घड्याळानुसार आहेत. गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय आणि सूर्यास्त सूर्याच्या वरच्या कडेनुसार, सामान्य अपवर्तनासह.