दैनिक पंचांग
सोमवार, 5 एप्रिल 2027
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांगाची पाच अंगे
सूर्योदयाच्या वेळी; प्रत्येक अंग दाखवलेल्या वेळेपर्यंत असते.
| तिथी | कृष्ण चतुर्दशी, 6 एप्रिल, 05:40 पर्यंत नंतर अमावास्या, 7 एप्रिल, 05:21 पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | पूर्वा भाद्रपदा, 17:47 पर्यंत नंतर उत्तरा भाद्रपदा, 6 एप्रिल, 18:23 पर्यंत |
| योग | शुक्ल, 09:47 पर्यंत नंतर ब्रह्म, 6 एप्रिल, 08:51 पर्यंत |
| करण | विष्टी, 17:37 पर्यंत नंतर शकुनी, 6 एप्रिल, 05:40 पर्यंत नंतर चतुष्पाद, 6 एप्रिल, 17:35 पर्यंत |
| वार | सोमवार |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 06:07 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:41 |
| चंद्रोदय | 6 एप्रिल, 05:23 |
| चंद्रास्त | 17:15 |
| सूर्य रास | मीन |
| चंद्र रास | कुंभ, 11:32; नंतर मीन, 7 एप्रिल, 18:25 पर्यंत पर्यंत |
हिंदू दिनदर्शिका
| पक्ष | कृष्ण |
|---|---|
| महिना (अमांत) | फाल्गुन |
| महिना (पौर्णिमांत) | चैत्र |
| विक्रम संवत | 2083 |
| शके | 1948 · पराभव |
शुभ आणि अशुभ वेळा
| राहू काळ | 07:41 – 09:15 |
|---|---|
| यमगंड | 10:49 – 12:24 |
| गुलिक काळ | 13:58 – 15:32 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:59 – 12:49 |
राहू काळ, यमगंड आणि गुलिक काळ प्रत्येकी दिनमानाचा आठवा भाग असतात आणि नव्या कामांच्या सुरुवातीसाठी परंपरेने टाळले जातात; दुपारच्या सुमाराचा अभिजित मुहूर्त शुभ असतो.
दिवसाचे चौघडिया
| अमृत | 06:07 – 07:41 | शुभ |
|---|---|---|
| काळ | 07:41 – 09:15 | टाळा |
| शुभ | 09:15 – 10:49 | शुभ |
| रोग | 10:49 – 12:24 | टाळा |
| उद्वेग | 12:24 – 13:58 | टाळा |
| चर | 13:58 – 15:32 | सम |
| लाभ | 15:32 – 17:07 | शुभ |
| अमृत | 17:07 – 18:41 | शुभ |
रात्रीचे चौघडिया
| चर | 18:41 – 20:06 | सम |
|---|---|---|
| रोग | 20:06 – 21:32 | टाळा |
| काळ | 21:32 – 22:58 | टाळा |
| लाभ | 22:58 – 00:23 | शुभ |
| उद्वेग | 00:23 – 01:49 | टाळा |
| शुभ | 01:49 – 03:14 | शुभ |
| अमृत | 03:14 – 04:40 | शुभ |
| चर | 04:40 – 06:05 | सम |
वेळा निवडलेल्या ठिकाणच्या स्थानिक घड्याळानुसार आहेत. गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय आणि सूर्यास्त सूर्याच्या वरच्या कडेनुसार, सामान्य अपवर्तनासह.