दैनिक पंचांग
शनिवार, 8 मे 2027
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांगाची पाच अंगे
सूर्योदयाच्या वेळी; प्रत्येक अंग दाखवलेल्या वेळेपर्यंत असते.
| तिथी | शुक्ल द्वितीया, 11:43 पर्यंत नंतर शुक्ल तृतीया, 9 मे, 09:03 पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | रोहिणी, 21:53 पर्यंत नंतर मृग, 9 मे, 19:59 पर्यंत |
| योग | शोभन, 05:51 पर्यंत नंतर अतिगंड, 9 मे, 02:37 पर्यंत नंतर सुकर्मा, 9 मे, 23:20 पर्यंत |
| करण | कौलव, 11:43 पर्यंत नंतर तैतिल, 22:24 पर्यंत नंतर गर, 9 मे, 09:03 पर्यंत |
| वार | शनिवार |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 05:35 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 19:00 |
| चंद्रोदय | 06:40 |
| चंद्रास्त | 21:23 |
| सूर्य रास | मेष |
| चंद्र रास | वृषभ |
हिंदू दिनदर्शिका
| पक्ष | शुक्ल |
|---|---|
| महिना (अमांत) | वैशाख |
| महिना (पौर्णिमांत) | वैशाख |
| विक्रम संवत | 2084 |
| शके | 1949 · प्लवंग |
शुभ आणि अशुभ वेळा
| राहू काळ | 08:56 – 10:37 |
|---|---|
| यमगंड | 13:58 – 15:39 |
| गुलिक काळ | 05:35 – 07:15 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:51 – 12:44 |
राहू काळ, यमगंड आणि गुलिक काळ प्रत्येकी दिनमानाचा आठवा भाग असतात आणि नव्या कामांच्या सुरुवातीसाठी परंपरेने टाळले जातात; दुपारच्या सुमाराचा अभिजित मुहूर्त शुभ असतो.
दिवसाचे चौघडिया
| काळ | 05:35 – 07:15 | टाळा |
|---|---|---|
| शुभ | 07:15 – 08:56 | शुभ |
| रोग | 08:56 – 10:37 | टाळा |
| उद्वेग | 10:37 – 12:17 | टाळा |
| चर | 12:17 – 13:58 | सम |
| लाभ | 13:58 – 15:39 | शुभ |
| अमृत | 15:39 – 17:19 | शुभ |
| काळ | 17:19 – 19:00 | टाळा |
रात्रीचे चौघडिया
| लाभ | 19:00 – 20:19 | शुभ |
|---|---|---|
| उद्वेग | 20:19 – 21:39 | टाळा |
| शुभ | 21:39 – 22:58 | शुभ |
| अमृत | 22:58 – 00:17 | शुभ |
| चर | 00:17 – 01:36 | सम |
| रोग | 01:36 – 02:55 | टाळा |
| काळ | 02:55 – 04:15 | टाळा |
| लाभ | 04:15 – 05:34 | शुभ |
वेळा निवडलेल्या ठिकाणच्या स्थानिक घड्याळानुसार आहेत. गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय आणि सूर्यास्त सूर्याच्या वरच्या कडेनुसार, सामान्य अपवर्तनासह.