दैनिक पंचांग
रविवार, 9 मे 2027
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांगाची पाच अंगे
सूर्योदयाच्या वेळी; प्रत्येक अंग दाखवलेल्या वेळेपर्यंत असते.
| तिथी | शुक्ल तृतीया, 09:03 पर्यंत नंतर शुक्ल चतुर्थी, 10 मे, 06:23 पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | मृग, 19:59 पर्यंत नंतर आर्द्रा, 10 मे, 18:08 पर्यंत |
| योग | सुकर्मा, 23:20 पर्यंत नंतर धृती, 10 मे, 20:06 पर्यंत |
| करण | गर, 09:03 पर्यंत नंतर वणिज, 19:43 पर्यंत नंतर विष्टी, 10 मे, 06:23 पर्यंत |
| वार | रविवार |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 05:34 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 19:01 |
| चंद्रोदय | 07:40 |
| चंद्रास्त | 22:26 |
| सूर्य रास | मेष |
| चंद्र रास | वृषभ, 08:56; नंतर मिथुन, 11 मे, 10:50 पर्यंत पर्यंत |
हिंदू दिनदर्शिका
| पक्ष | शुक्ल |
|---|---|
| महिना (अमांत) | वैशाख |
| महिना (पौर्णिमांत) | वैशाख |
| विक्रम संवत | 2084 |
| शके | 1949 · प्लवंग |
शुभ आणि अशुभ वेळा
| राहू काळ | 17:20 – 19:01 |
|---|---|
| यमगंड | 12:17 – 13:58 |
| गुलिक काळ | 15:39 – 17:20 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:50 – 12:44 |
राहू काळ, यमगंड आणि गुलिक काळ प्रत्येकी दिनमानाचा आठवा भाग असतात आणि नव्या कामांच्या सुरुवातीसाठी परंपरेने टाळले जातात; दुपारच्या सुमाराचा अभिजित मुहूर्त शुभ असतो.
दिवसाचे चौघडिया
| उद्वेग | 05:34 – 07:15 | टाळा |
|---|---|---|
| चर | 07:15 – 08:56 | सम |
| लाभ | 08:56 – 10:36 | शुभ |
| अमृत | 10:36 – 12:17 | शुभ |
| काळ | 12:17 – 13:58 | टाळा |
| शुभ | 13:58 – 15:39 | शुभ |
| रोग | 15:39 – 17:20 | टाळा |
| उद्वेग | 17:20 – 19:01 | टाळा |
रात्रीचे चौघडिया
| शुभ | 19:01 – 20:20 | शुभ |
|---|---|---|
| अमृत | 20:20 – 21:39 | शुभ |
| चर | 21:39 – 22:58 | सम |
| रोग | 22:58 – 00:17 | टाळा |
| काळ | 00:17 – 01:36 | टाळा |
| लाभ | 01:36 – 02:55 | शुभ |
| उद्वेग | 02:55 – 04:14 | टाळा |
| शुभ | 04:14 – 05:33 | शुभ |
वेळा निवडलेल्या ठिकाणच्या स्थानिक घड्याळानुसार आहेत. गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय आणि सूर्यास्त सूर्याच्या वरच्या कडेनुसार, सामान्य अपवर्तनासह.