दैनिक पंचांग
मंगळवार, 3 ऑगस्ट 2027
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांगाची पाच अंगे
सूर्योदयाच्या वेळी; प्रत्येक अंग दाखवलेल्या वेळेपर्यंत असते.
| तिथी | शुक्ल प्रतिपदा, 11:51 पर्यंत नंतर शुक्ल द्वितीया, 4 ऑगस्ट, 08:20 पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | आश्लेषा, 14:16 पर्यंत नंतर मघा, 4 ऑगस्ट, 11:36 पर्यंत |
| योग | व्यतीपात, 14:24 पर्यंत नंतर वरीयान, 4 ऑगस्ट, 10:27 पर्यंत |
| करण | बव, 11:51 पर्यंत नंतर बालव, 22:03 पर्यंत नंतर कौलव, 4 ऑगस्ट, 08:20 पर्यंत |
| वार | मंगळवार |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 05:43 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 19:11 |
| चंद्रोदय | 06:30 |
| चंद्रास्त | 19:54 |
| सूर्य रास | कर्क |
| चंद्र रास | कर्क, 14:16; नंतर सिंह, 5 ऑगस्ट, 14:49 पर्यंत पर्यंत |
हिंदू दिनदर्शिका
| पक्ष | शुक्ल |
|---|---|
| महिना (अमांत) | श्रावण |
| महिना (पौर्णिमांत) | श्रावण |
| विक्रम संवत | 2084 |
| शके | 1949 · प्लवंग |
शुभ आणि अशुभ वेळा
| राहू काळ | 15:49 – 17:30 |
|---|---|
| यमगंड | 09:05 – 10:46 |
| गुलिक काळ | 12:27 – 14:08 |
| अभिजित मुहूर्त | 12:00 – 12:54 |
राहू काळ, यमगंड आणि गुलिक काळ प्रत्येकी दिनमानाचा आठवा भाग असतात आणि नव्या कामांच्या सुरुवातीसाठी परंपरेने टाळले जातात; दुपारच्या सुमाराचा अभिजित मुहूर्त शुभ असतो.
दिवसाचे चौघडिया
| रोग | 05:43 – 07:24 | टाळा |
|---|---|---|
| उद्वेग | 07:24 – 09:05 | टाळा |
| चर | 09:05 – 10:46 | सम |
| लाभ | 10:46 – 12:27 | शुभ |
| अमृत | 12:27 – 14:08 | शुभ |
| काळ | 14:08 – 15:49 | टाळा |
| शुभ | 15:49 – 17:30 | शुभ |
| रोग | 17:30 – 19:11 | टाळा |
रात्रीचे चौघडिया
| काळ | 19:11 – 20:30 | टाळा |
|---|---|---|
| लाभ | 20:30 – 21:49 | शुभ |
| उद्वेग | 21:49 – 23:08 | टाळा |
| शुभ | 23:08 – 00:27 | शुभ |
| अमृत | 00:27 – 01:46 | शुभ |
| चर | 01:46 – 03:05 | सम |
| रोग | 03:05 – 04:24 | टाळा |
| काळ | 04:24 – 05:43 | टाळा |
वेळा निवडलेल्या ठिकाणच्या स्थानिक घड्याळानुसार आहेत. गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय आणि सूर्यास्त सूर्याच्या वरच्या कडेनुसार, सामान्य अपवर्तनासह.