दैनिक पंचांग
गुरुवार, 12 ऑगस्ट 2027
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांगाची पाच अंगे
सूर्योदयाच्या वेळी; प्रत्येक अंग दाखवलेल्या वेळेपर्यंत असते.
| तिथी | शुक्ल एकादशी, 13 ऑगस्ट, 03:00 पर्यंत नंतर शुक्ल द्वादशी, 14 ऑगस्ट, 05:21 पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | ज्येष्ठा, 11:34 पर्यंत नंतर मूळ, 13 ऑगस्ट, 14:19 पर्यंत |
| योग | वैधृती, 20:38 पर्यंत नंतर विष्कुंभ, 13 ऑगस्ट, 21:30 पर्यंत |
| करण | वणिज, 13:56 पर्यंत नंतर विष्टी, 13 ऑगस्ट, 03:00 पर्यंत नंतर बव, 13 ऑगस्ट, 16:08 पर्यंत |
| वार | गुरुवार |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 05:48 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 19:03 |
| चंद्रोदय | 15:47 |
| चंद्रास्त | 13 ऑगस्ट, 01:58 |
| सूर्य रास | कर्क |
| चंद्र रास | वृश्चिक, 11:34; नंतर धनु, 15 ऑगस्ट, 00:07 पर्यंत पर्यंत |
हिंदू दिनदर्शिका
| पक्ष | शुक्ल |
|---|---|
| महिना (अमांत) | श्रावण |
| महिना (पौर्णिमांत) | श्रावण |
| विक्रम संवत | 2084 |
| शके | 1949 · प्लवंग |
शुभ आणि अशुभ वेळा
| राहू काळ | 14:05 – 15:44 |
|---|---|
| यमगंड | 05:48 – 07:27 |
| गुलिक काळ | 09:07 – 10:46 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:59 – 12:52 |
राहू काळ, यमगंड आणि गुलिक काळ प्रत्येकी दिनमानाचा आठवा भाग असतात आणि नव्या कामांच्या सुरुवातीसाठी परंपरेने टाळले जातात; दुपारच्या सुमाराचा अभिजित मुहूर्त शुभ असतो.
दिवसाचे चौघडिया
| शुभ | 05:48 – 07:27 | शुभ |
|---|---|---|
| रोग | 07:27 – 09:07 | टाळा |
| उद्वेग | 09:07 – 10:46 | टाळा |
| चर | 10:46 – 12:26 | सम |
| लाभ | 12:26 – 14:05 | शुभ |
| अमृत | 14:05 – 15:44 | शुभ |
| काळ | 15:44 – 17:24 | टाळा |
| शुभ | 17:24 – 19:03 | शुभ |
रात्रीचे चौघडिया
| अमृत | 19:03 – 20:24 | शुभ |
|---|---|---|
| चर | 20:24 – 21:45 | सम |
| रोग | 21:45 – 23:05 | टाळा |
| काळ | 23:05 – 00:26 | टाळा |
| लाभ | 00:26 – 01:46 | शुभ |
| उद्वेग | 01:46 – 03:07 | टाळा |
| शुभ | 03:07 – 04:28 | शुभ |
| अमृत | 04:28 – 05:48 | शुभ |
वेळा निवडलेल्या ठिकाणच्या स्थानिक घड्याळानुसार आहेत. गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय आणि सूर्यास्त सूर्याच्या वरच्या कडेनुसार, सामान्य अपवर्तनासह.