दैनिक पंचांग
शुक्रवार, 3 सप्टेंबर 2027
New Delhi, Delhi, India · Asia/Kolkata
पंचांगाची पाच अंगे
सूर्योदयाच्या वेळी; प्रत्येक अंग दाखवलेल्या वेळेपर्यंत असते.
| तिथी | शुक्ल तृतीया, 14:19 पर्यंत नंतर शुक्ल चतुर्थी, 4 सप्टेंबर, 12:26 पर्यंत |
|---|---|
| नक्षत्र | हस्त, 15:53 पर्यंत नंतर चित्रा, 4 सप्टेंबर, 14:49 पर्यंत |
| योग | शुभ, 10:56 पर्यंत नंतर शुक्ल, 4 सप्टेंबर, 08:13 पर्यंत |
| करण | गर, 14:19 पर्यंत नंतर वणिज, 4 सप्टेंबर, 01:17 पर्यंत नंतर विष्टी, 4 सप्टेंबर, 12:26 पर्यंत |
| वार | शुक्रवार |
सूर्य आणि चंद्र
| सूर्योदय | 05:59 |
|---|---|
| सूर्यास्त | 18:41 |
| चंद्रोदय | 08:35 |
| चंद्रास्त | 20:09 |
| सूर्य रास | सिंह |
| चंद्र रास | कन्या, 4 सप्टेंबर, 03:16; नंतर तूळ, 6 सप्टेंबर, 08:47 पर्यंत पर्यंत |
हिंदू दिनदर्शिका
| पक्ष | शुक्ल |
|---|---|
| महिना (अमांत) | भाद्रपद |
| महिना (पौर्णिमांत) | भाद्रपद |
| विक्रम संवत | 2084 |
| शके | 1949 · प्लवंग |
शुभ आणि अशुभ वेळा
| राहू काळ | 10:45 – 12:20 |
|---|---|
| यमगंड | 15:30 – 17:05 |
| गुलिक काळ | 07:34 – 09:10 |
| अभिजित मुहूर्त | 11:55 – 12:45 |
राहू काळ, यमगंड आणि गुलिक काळ प्रत्येकी दिनमानाचा आठवा भाग असतात आणि नव्या कामांच्या सुरुवातीसाठी परंपरेने टाळले जातात; दुपारच्या सुमाराचा अभिजित मुहूर्त शुभ असतो.
दिवसाचे चौघडिया
| चर | 05:59 – 07:34 | सम |
|---|---|---|
| लाभ | 07:34 – 09:10 | शुभ |
| अमृत | 09:10 – 10:45 | शुभ |
| काळ | 10:45 – 12:20 | टाळा |
| शुभ | 12:20 – 13:55 | शुभ |
| रोग | 13:55 – 15:30 | टाळा |
| उद्वेग | 15:30 – 17:05 | टाळा |
| चर | 17:05 – 18:41 | सम |
रात्रीचे चौघडिया
| रोग | 18:41 – 20:05 | टाळा |
|---|---|---|
| काळ | 20:05 – 21:30 | टाळा |
| लाभ | 21:30 – 22:55 | शुभ |
| उद्वेग | 22:55 – 00:20 | टाळा |
| शुभ | 00:20 – 01:45 | शुभ |
| अमृत | 01:45 – 03:10 | शुभ |
| चर | 03:10 – 04:35 | सम |
| रोग | 04:35 – 06:00 | टाळा |
वेळा निवडलेल्या ठिकाणच्या स्थानिक घड्याळानुसार आहेत. गणना: निरयन राशिचक्र, लाहिरी अयनांश, स्विस एफेमेरिस; सूर्योदय आणि सूर्यास्त सूर्याच्या वरच्या कडेनुसार, सामान्य अपवर्तनासह.